जनपद को 8 नए उपकेन्द्रों की सौगात

- ़िजले में अब 334 स्वास्थ्य उप-केन्द्र झाँसी : झाँसी जनपद के आठों विकासखण्डों को एक-एक नए उप-केन्

JagranPublish:Wed, 08 Dec 2021 06:49 PM (IST) Updated:Wed, 08 Dec 2021 06:49 PM (IST)
जनपद को 8 नए उपकेन्द्रों की सौगात
जनपद को 8 नए उपकेन्द्रों की सौगात

- ़िजले में अब 334 स्वास्थ्य उप-केन्द्र

झाँसी : झाँसी जनपद के आठों विकासखण्डों को एक-एक नए उप-केन्द्र की सौगात और मिल गयी है। यहाँ ग्रामीणों को छोटी-मोटी बीमारी का उपचार अपने घर के पास ही उपलब्ध होगा। इससे उनकी उपचार के लिये की जाने वाली दौड़-भाग भी बचेगी और उन्हें समय पर उपचार भी मिल सकेगा। नवजात शिशुओं से लेकर किशोर-किशोरियों के टीकाकरण के साथ अन्य स्वास्थ्य एवं पोषण सम्बन्धी समस्याओं का निराकरण भी होगा। यह जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कुमार ने दी।

उन्होंने बताया की ग्रामीणों को समय पर इलाज न मिलने या साधन के अभाव में स्वास्थ्य सुविधाओं सम्बन्धी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इनके निवारण के लिये ़िजले में 8 नवीन उप स्वास्थ्य केन्द्रों की शुरूआत की गयी है। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एनके जैन ने बताया कि जनपद में अभी तक 326 उप स्वास्थ्य केन्द्र थे। 8 नए केन्द्र खुल जाने से इनकी संख्या बढ़कर अब 334 हो गयी है। यहाँ सामान्य बीमारियों का उपचार किया जायेगा और गम्भीर मामलों को उच्च चिकित्सा के लिए रिफर किया जायेगा। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के ़िजला कार्यक्रम प्रबन्धक ऋषिराज ने बताया कि इन नए उप स्वास्थ्य केन्द्रों के लिए एएनएम की भर्ती शीघ्र की जा रही है। वर्तमान में सम्बन्धित विकासखण्ड की अन्य एएनएम द्वारा उप-केन्द्र संचालित हो रहे हैं।

यहाँ खुले नए उप स्वास्थ्य केन्द्र

नवीन उप स्वास्थ केन्द्र बबीना के गवारा, बड़ागाँव के जरबो, बामौर के डिकोली, बंगरा के विजरवारा, चिरगाँव के धवारा, गुरसराय के रजवारा, मऊरानीपुर के चितावत और मोठ के बुडेरा गाँव में खोले गए हैं।

रेलवे स्टेशन, बस स्टैण्ड होंगे स्वास्थ्य विभाग के रडार पर

- ओमिक्रॉन के मद्देऩजर बरती गयी सतर्कता

- प्रशासन और पुलिस के अफसर जाँचेंगे व्यवस्थाएं

- बाहर से आने वाले यात्रियों से संक्रमण फैलने पर ़िजला स्तरीय अफसर होंगे जिम्मेदार

झाँसी : कोरोना के तीसरे वेरिएण्ट ओमिक्रॉन के लगातार बढ़ते मामलों ने शासन-प्रशासन को सतर्क कर दिया है। झाँसी ़िजले को भी अलर्ट रहने को कह दिया गया है। बाहर से आने वाले यात्रियों की अधिकता वाले स्थानों रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैण्ड पर खास निगरानी रखने को कहा गया है। यहाँ प्रशासन और पुलिस विभाग के अधिकारियों को लगातार भ्रमणशील रखने की हिदायत दी गयी है। बाहर से आने वाले यात्रियों से संक्रमण फैलने पर सम्बन्धित ़िजला स्तरीय अधिकारियों को उत्तरदायी माना जायेगा।

अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी ने मण्डलायुक्त सहित अन्य अधिकारियों को भेजे पत्र में कोविड-19 वायरस के नए वेरिएण्ट बी.1.1.529 (ओमिक्रॉन) के दृष्टिगत विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिये हैं। स्वास्थ्य विभाग को विदेश से आने वाले यात्रियों की जानकारी लगातार भिजवायी जा रही है, ताकि उनकी जाँच कर ओमिक्रॉन के लक्षण पाये जाने पर आइसोलेट किया जा सके। साथ ही अपर ़िजलाधिकारी एवं अपर पुलिस अधीक्षक की संयुक्त टीम रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैण्ड पर आने वाले यात्रियों की कोविड सैम्पलिंग एवं मेडिकल टीम की व्यवस्था का निरीक्षण कर 2 दिन के अन्दर गृह विभाग के कण्ट्रोल रूम में सूचना देंगे। इसके अलावा ़िजला स्तरीय अधिकारी समय-समय पर रेलवे स्टेशन का निरीक्षण कर स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित करते हुये मेडिकल टीम की पर्याप्त व्यवस्था एवं सैम्पलिंग सुनिश्चित कराएंगे। ़िजलाधिकारी को अन्तर्राज्यीय बस स्टैण्ड पर यात्रियों की थर्मल स्क्रीनिंग की व्यवस्था कराने, कोविड टेस्ट के दौरान पॉ़िजटिव पाये जाने व्यक्तियों को तत्काल चिकित्सा सुविधा प्रदान कराने की जिम्मेदारी दी गयी है।

सार्वजनिक स्थलों पर कोविड नियमों का पालन ़जरूरी

ओमिक्रॉन के मद्देऩजर सभी सार्वजनिक स्थलों पर कोविड नियमों के तहत फिलिकल डिस्टेन्स, मास्क पहनने तथा हाथों को सैनिटाइ़ज करने की अनिवार्यता कर दी गयी है। इसके उल्लंघन पर कार्यवाही का भी प्राविधान रखा गया है।