13 यात्रियों ने हेतमपुर पर दर्ज करा दिए थे बयान

0 ग्वालियर व झाँसी रेलवे स्टेशन पर भी कई यात्रियों ने की शिकायत 0 ट्रेन के तीनों कोच में सवार थे 1

JagranPublish:Sat, 27 Nov 2021 09:46 PM (IST) Updated:Sat, 27 Nov 2021 09:46 PM (IST)
13 यात्रियों ने हेतमपुर पर दर्ज करा दिए थे बयान
13 यात्रियों ने हेतमपुर पर दर्ज करा दिए थे बयान

0 ग्वालियर व झाँसी रेलवे स्टेशन पर भी कई यात्रियों ने की शिकायत

0 ट्रेन के तीनों कोच में सवार थे 116 यात्री

झाँसी : ऊधमपुर-दुर्ग सुपरफास्ट एक्सप्रेस के एसी कोच में आग लगने के बाद यात्रियों ने हंगामा कर दिया। आग 3 कोच में लगी, जिसमें 116 यात्री सवार थे। इनमें से 13 यात्रियों ने हेतमपुर रेलवे स्टेशन पर जाकर अपने बयान दर्ज करा दिए। कई यात्रियों ने रेल अधिकारियों व मन्त्रालय को ट्वीट कर जानकारी दी।

ट्रेन में आग लगने के बाद तीनों कोच में बैठे यात्री जान बचाकर भागे। ट्रेन रुकने के बाद यात्री दूर खड़े हो गए और सामान बचाने के लिए जद्दोजहद करते रहे। पूरा सामान हादसे में गँवा चुके 13 यात्रियों ने रेलवे स्टेशन पर जाकर लिखित बयान दर्ज करा दिए। ट्रेन जब चली तो शेष यात्री उसमें सवार हो गए। कुछ यात्रियों ने ग्वालियर रेलवे स्टेशन पर बयान दर्ज कराए तो कुछ ने झाँसी में लिखित शिकायत की, जबकि अधिकांश यात्री बिना किसी शिकवा-शिकायत के आगे चले गए। रेलवे ने अब इन यात्रियों के बयान के आधार पर भी जाँच शुरू कर दी है। कई यात्रियों से सम्पर्क भी साधा जा रहा है।

दूर खड़े होकर अपनी बर्बादी का मं़जर देखते रहे यात्री

- 10 लाख रुपये से अधिक के नुकसान का अनुमान

झाँसी : ऊधमपुर-दुर्ग एक्सप्रेस के वातानुकूलित कोच में आग लगने के बाद अधिकांश यात्रियों की कोशिश जान बचाने की थी, इसलिए वह सामान छोड़कर ही भाग निकले। कोच जलते रहे और यात्री दूर खड़े होकर बर्बादी का मंजर देखते रहे। हादसे में कई यात्रियों के जेवर व ऩकदी जलकर राख हो गई। रेलवे ने 10 लाख रुपये से अधिक के नुकसान का आकलन किया है। छत्तीसगढ़ के मुँगोली निवासी संजीव साहू के 8 बैग आग में जल गए। इसमें कपड़े व कीमती सामान रखा था। जालन्धर से रायपुर जा रहे उड़ीसा के ब्लागीर ़िजले के रहने वाले मंजीत सिंह अपने परिवार के साथ ए-1 कोच के बर्थ 10 व 12 पर सफर कर रहे थे। हादसे में कपड़े, चेन, अंगूठी व पत्‍‌नी के झुमके जल गए। एक युवती के तो सभी शैक्षिक प्रपत्र जलकर राख हो गए।

यात्री बोले-शॉर्ट सर्किट से हुआ हादसा

हेतमपुर पर बयान दर्ज कराने वाले 13 यात्रियों में से अधिकांश ने आग की वजह शॉर्ट सर्किट बताया। झुँझनु ़िजले के रहने वाले रविदत्त अपने परिजनों के साथ ए-2 कोच में बर्थ संख्या 14 व 16 पर सफर कर रहे थे। उन्होंने बताया कि टॉयलेट में शॉर्ट सर्किट से आग लगी थी। ए-1 कोच के 28 नम्बर बर्थ पर सफर करने वाले अतुल श्रीवास्तव ने भी आग की वजह शॉर्ट सर्किट बताया। रामपुर के रहने वाले इमरान ने भी शॉर्ट सर्किट से आग लगना बताया।

हेतमपुर स्टेशन पर भी नहीं थे आग बुझाने के साधन

0 ट्रेन के अग्निशमन यन्त्र हो गए थे फेल

झाँसी : ऊधमपुर-दुर्ग एक्सप्रेस में आग की घटना ने रेलवे की सतर्कता को भी आइना दिखा दिया है। ट्रेन धू-धू कर जलती रही, लेकिन रेलवे स्टेशन पर आग बुझाने का कोई संसाधन उपलब्ध नहीं हो सका। पानी व रेत से भरी बाल्टियाँ तक रेलवे स्टेशन पर उपलब्ध नहीं थीं तो कोच में लगे अग्निशमन्त्र भी जबाव दे गए। सबसे पहले हादसे की सूचना देने वाले राजस्थान के हनुमानगढ़ ़िजले के राकेश कुमार ने बताया कि रेलवे की नाकामी के कारण ही हादसा बढ़ा। कोच में जितने भी अग्निशमन यन्त्र थे, उनमें से एक ने भी काम नहीं किया। हेतमपुर रेलवे स्टेशन पर आग बुझाने की कोई व्यवस्था नहीं थी। इसी वजह से आग अधिक फैली।

20 किलोमीटर दूरी सवा घण्टे में तय कर पाई फायर ब्रिगेड की गाड़ी

हादसे में अपना कीमती सामान गँवाने वाले कुछ यात्रियों ने बताया कि आग लगने की सूचना देने के लगभग सवा घण्टे बाद फायर ब्रिगेड की गाड़ी घटना स्थल पर पहुँच पाई, लेकिन तब तक आग ने 3 कोच को अपनी चपेट में ले लिया था। यात्रियों के अनुसार हेतमपुर से आगरा की दूरी लगभग 20 किलोमीटर थी।

फाइल : राजेश शर्मा