मोबाइल फोन के ऐप में मौजूद आइडी के साथ कर सकते हैं रेलयात्रा

- का़ग़जी पहचान पत्र रखने से मिल गई है रेलयात्रियों को मुक्ति - भारत सरकार से मान्यताप्राप्त डिजि

JagranFri, 17 Sep 2021 01:00 AM (IST)
मोबाइल फोन के ऐप में मौजूद आइडी के साथ कर सकते हैं रेलयात्रा

- का़ग़जी पहचान पत्र रखने से मिल गई है रेलयात्रियों को मुक्ति

- भारत सरकार से मान्यताप्राप्त डिजिलॉकर में मौजूद आइडी हैं वैध

झाँसी : रेलयात्रा के लिए आपको अब का़ग़जी पहचान पत्र की आवश्यकता नहीं है। आपका मोबाइल फोन ही आपके पहचान पत्र को सुरक्षित रखेगा। इसके लिए आपको अपने मोबाइल फोन में ऐप डाउनलोड करना होगा। इसके बाद आप अपना पहचान पत्र घर पर भूल जाएं तो भी आपका डिजिटल पहचान पत्र मान्य होगा। इस ऐप का सबसे बड़ा लाभ यह है कि आपके दस्तावे़ज इसमें पूरी तरह सुरक्षित हैं।

जब आप टिकट बुक करके ट्रेन में चढ़ते हैं तो स़फर के दौरान टीटीई आपसे टिकट के साथ-साथ आपका ऑरिजनल आइडी कार्ड यानी पहचान पत्र भी माँगता है। यदि आपके पास अपनी पहचान साबित करने के लिए कोई भी पहचान पत्र नहीं है तो आपको बगैर टिकट माना जाता है और आप पर रेलवे नियम के मुताबिक कार्यवाही की जाती है। यहाँ सबसे अधिक परेशानी उन यात्रियों को उठानी पड़ती है जो ई-टिकिट लेकर यात्रा करते हैं। भारतीय रेल ने अब अपने यात्रियों को अपना पहचान पत्र जेब में रखकर चलने की झझट से मुक्ति दे दी है। भारतीय रेल ने आइडी प्रूफ के तौर पर कई डॉक्यूमेण्ट्स को मंजूरी दी है। इसमें पासपोर्ट, वोटर आइडी कार्ड, ड्राइविंग लाइसन्स, आधार कार्ड, राष्ट्रीय बैंक की पासबुक, पैन कार्ड, स्कूल कॉलिज का पहचान पत्र, बैंक की ओर से जारी क्रेडिट कार्ड शामिल हैं। इसके अलावा और भी कई डॉक्यूमेण्ट्स को पहचान पत्र के तौर पर मंजूरी दी गई है। इसकी जानकारी आपको आइआरसीटीसी (इण्डियन रेलवे कैटरिग ऐण्ड टूरि़ज्म) व रेलवे की वेबसाइट पर मिल जाएगी। हालाँकि अब जमाना डिजिटल हो चुका है। ट्रेन से सफर के दौरान आप फिजिकल फोटो आइडी लेकर नहीं चल रहे हैं तो घबराएँ नहीं। आप अपने मोबाइल फोन में पहचान पत्र की डिजिटल कॉपी भी दिखा सकते हैं। सरकार ने अपने जरूरी का़ग़जात को सुरक्षित तरीकेसे रखने के लिए डिजिलॉकर की सुविधा दी है, इसमें आप अपना आधार कार्ड, पासपोर्ट, पैन कार्ड जैसी जरूरी डॉक्यूमेण्ट्स रख सकते हैं। बता दें कि भारत सरकार की ओर से एक मान्यता प्राप्त ऐप है। सरकार का आदेश है कि डिजिलॉकर में रखे डॉक्यूमेण्ट्स को असली डॉक्यूमेण्ट्स की तरह ही माना जाएगा। कोई भी संस्था इसे मानने से इन्कार नहीं कर सकती। एक बार यदि आपने इसमें अपने डॉक्यूमेण्ट्स रख लिए तो फिजिकल का़ग़जात लेकर चलने की जरूरत नहीं होगी।

फाइल : वसीम शेख

समय : 08 : 00

16 सितम्बर 2021

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