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आरओ-एआरओ की लापरवाही मिली, आयोग को जाएगी रिपोर्ट

आरओ-एआरओ की लापरवाही मिली, आयोग को जाएगी रिपोर्ट

मुरसान ब्लाक में क्षेत्र पंचायत सदस्य के नामांकन में गड़बड़ी को लेकर डीएम ने सख्ती दिखाई है।

JagranSat, 10 Apr 2021 12:19 AM (IST)

जासं, हाथरस : मुरसान ब्लाक में क्षेत्र पंचायत सदस्य के नामांकन में गड़बड़ी को लेकर डीएम ने सख्त रुख अपनाया है। उन्होंने इस संबंध में उप जिला निर्वाचन अधिकारी जेपी सिंह को जांच के आदेश दिए हैं। नामांकन पत्र में प्रस्तावक दूसरे वार्ड का होने के बावजूद चुनाव चिह्न आवंटित किए जाने पर रिटर्निंग ऑफीसर (आरओ) और एआरओ को जिम्मेदार माना है। डीएम उनके खिलाफ चुनाव आयोग को रिपोर्ट भेज रहे हैं।

त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए तीन और चार अप्रैल को नामांकन किए गए थे। पांच और छह अप्रैल को नामांकन पत्रों की जांच की गई थी। बुधवार को नाम वापसी के साथ चुनाव चिह्न आवंटन की प्रक्रिया चली। क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए वार्ड संख्या 65 गांव खेड़ा परसौली से नामांकन करने वालीं सुमन देवी पत्नी वेद प्रकाश ने शिकायत की थी कि उन्होंने वार्ड संख्या 65 से नामांकन किया था जबकि उन्हें वार्ड छह में प्रत्याशी बना दिया और वहीं लड़ने के लिए चुनाव चिह्न आवंटित कर दिया। इस खबर को दैनिक जागरण ने शुक्रवार के अंक में प्रमुखता से प्रकाशित किया तो अधिकारियों में खलबली मच गई। डीएम ने इसकी जांच के आदेश उप जिला निर्वाचन अधिकारी जेपी सिंह को दिए। उन्होंने ब्लाक पर पहुंचकर जांच पड़ताल की। सुमन देवी के नामांकन पत्र में वार्ड संख्या की जगह पर ओवर राइटिग की गई है, इसकी जांच की जा रही है कि आखिर यह किसने और क्यों किया। जांच अभी जारी है। वहीं दूसरी ओर सुमन देवी ने नामांकन पत्र में कमल सिंह को प्रस्तावक बनाया है जो कि वार्ड संख्या 65 के रहने वाले हैं, जबकि रिटर्निंग ऑफीसर डिपिन कुमार और एआरओ केके सारस्वत की ओर से उन्हें वार्ड संख्या छह से प्रत्याशी घोषित किया गया है। नियमानुसार जिस वार्ड का प्रत्याशी होता है, प्रस्तावक भी उसी वार्ड का होना चाहिए। ऐसे में नामांकन पत्र निरस्त करने की बजाय अधिकारियों ने प्रत्याशी को चुनाव चिह्न आवंटित कर दिया। इसे जिला निर्वाचन अधिकारी रमेश रंजन को लापरवाही माना है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में चुनाव आयोग को रिपोर्ट भेजी जा रही है।

प्रत्याशी की आपत्ति को भी माना निराधार

प्रशासन ने क्षेत्र पंचायत सदस्य की प्रत्याशी सुमन देवी की आपत्ति को निराधार माना है। सुमन देवी ने शिकायत की है कि उन्होंने वार्ड संख्या 65 से पर्चा भरा था जबकि प्रत्याशी वार्ड छह में बना दिया है। जिला निर्वाचन अधिकारी का कहना है कि शिकायत के बाद मामले की जांच कराई गई है। सुमन देवी को नामांकन के बाद प्रपत्र-3 की रिसीविग दी गई थी, उस पर वार्ड संख्या छह लिखा है। ब्लाक पर चस्पा की गई सूची में भी नामांकन वार्ड छह में लिखा था। प्रारूप 13 पर भी वार्ड नंबर छह नामांकन वार्ड संख्या छह अंकित था। इसके बाद चुनाव चिह्न के आवंटन पर भी प्रत्याशी ने वार्ड संख्या छह के लिए हस्ताक्षर किए हैं। अगर प्रत्याशी को नामांकन गलत वार्ड में दर्शाया गया था तो पहले आपत्ति करनी चाहिए थी।

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