69 केंद्रों पर सन्नाटा बरकरार, सिर्फ 53 गुलजार

69 केंद्रों पर सन्नाटा बरकरार, सिर्फ 53 गुलजार

- 53 केंद्रों पर खरीदा गया 52216 क्विंटल

JagranSat, 17 Apr 2021 11:24 PM (IST)

हरदोई : जिला प्रशासन भले ही सभी क्रय केंद्रों के सक्रिय होने का दावा करता हो, लेकिन अधिकतर केंद्रों पर अब तक गेहूं खरीद की शुरुआत तक नहीं हो पाई है। विभागीय आंकड़े भी कुछ यहीं बयां कर रहे हैं। शुक्रवार को 122 क्रय केंद्रों में सिर्फ 53 केंद्रों पर गेहूं खरीदा गया। विभागीय आंकड़ों में 775 किसानों से 52,216 क्विंटल गेहूं खरीद का दावा किया जा रहा है।

जिला प्रशासन ने 122 गेहूं खरीद केंद्र स्थापित किए है। हकीकत यह है कि अधिकतर केंद्रों पर सन्नाटा बरकरार है, जिन केंद्रों पर गेहूं खरीद हो रही है। वहां पर बिचौलिए हावी है। प्रभारियों व बिचौलियों की सांठगांठ के चलते केंद्र पर आने वाले किसानों को परेशान होना पड़ता है। केंद्र पर आए किसानों को मानकविहीन गेहूं बताकर लौटाया जा रहा है। किसानों का कहना है कि केंद्र पर प्रभारियों की मनमानी के चलते उन्हें गेहूं का समर्थन मूल्य नहीं मिल रहा। बाजार में औने दामों पर गेहूं की उपज बेचने को मजबूर हैं। डिप्टी आरएमओ अनुराग पांडेय ने बताया कि केंद्रों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है। जहां पर गड़बड़ी की शिकायत मिलेगी। वहां के प्रभारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

एजेंसीवार स्थापित किए गए क्रय केंद्र

क्रय एजेंसी क्रय केंद्र इन पर हुई खरीद

खाद्य विभाग 22 15

पीसीएफ 58 18

यूपीएसएस 8 2

यूपीपीसीयू 22 11

एसएफसी 5 4

मंडी परिषद 5 2

भारतीय खाद्य निगम 2 1

पंजीकरण कराने में बटाईदारों को छूट रहा पसीना

हरदोई : गेहूं क्रय नीति में किसानों के अलावा बटाईदारों को भी मूल्य समर्थन योजना का लाभ दिलाने की व्यवस्था की गई है, लेकिन हकीकत यह है कि बटाईदारों को पंजीकरण कराने में पसीने छूट रहा है। बटाईदारों का कहना है कि अधिकांश किसान उपज बेचने के लिए सहमति-पत्र देने से इनकार कर देते है, जिससे उनका पंजीकरण नहीं हो पाता। वहीं विभाग के पास भी बटाईदारों के पंजीकरण कराने की जानकारी उपलब्ध नहीं है।

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