बेसिक शिक्षा विभाग से संचालित स्कूलों की होगी जियो टैगिंग Gorakhpur News

बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूलों की कराई जाएगी जियो टैगिंग।

परिषदीय विद्यालयों का डाटा अब एक क्लिक पर दिखाई देगा। सिद्धार्थनगर के सभी परिषदीय विद्यालयों की प्रेरणा एप के जरिये जियो टैगिंग कराई जाएगी। अलग-अलग चरणों में यह जियो टैगिंग होगी। पहले चरण में नगर में स्थित विद्यालयों को शामिल किया जाएगा।

Publish Date:Sun, 17 Jan 2021 03:40 PM (IST) Author: Rahul Srivastava

तेज प्रकाश त्रिपाठी, गोरखपुर : परिषदीय विद्यालयों का डाटा अब एक क्लिक पर दिखाई देगा। शासन की ओर से सिद्धार्थनगर के सभी परिषदीय विद्यालयों की प्रेरणा एप के जरिये जियो टैगिंग कराई जाएगी। अलग-अलग चरणों में यह जियो टैगिंग होगी। पहले चरण में नगर में स्थित विद्यालयों को शामिल किया जाएगा। इसके पश्चात गांव में स्थित विद्यालयों की जियो टैगिंग होगी। विभाग ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है।

स्‍कूलों को चिह्नित करने का काम शुरू

निर्देश मिलने के बाद बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्कूलों को चिह्नित करने का काम शुरू कर दिया है। जनपद में 1518 प्राथमिक व 336 पूर्व माध्यमिक विद्यालय संचालित हो रहे हैं। इन सभी विद्यालयों को चमकाने के लिए प्रदेश सरकार मिशन कायाकल्प के तहत स्कूलों के सुंदरीकरण और व्यवस्थाओं में सुधार के लिए काम कर रही है। प्रदेश सरकार द्वारा बेसिक स्कूलों को आनलाइन के लिए एक पटल पर लाने की योजना तैयार की गई है, जिसके बाद बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित परिषदीय विद्यालयों की जियो टैगिंग कराई जाएगी। इसके लिए ब्‍लाक व स्‍कूलों का डाटा भी एकत्रित किया जाएगा। इस पूरे मामले में खास बात यह है कि पहले चरण में नगरीय क्षेत्र के स्कूल पूरी जानकारी डालेंगे। इसके बाद ऐसे विद्यालयों को लिया जाएगा, जहां मिशन कायाकल्प के तहत सभी कार्य पूरे हो चुके होंगे।

खंड शिक्षाधिकारी और एआरपी करेंगे जियो टैगिंग का कार्य

बेसिक शिक्षा अधिकारियों ने बताया कि प्रेरणा एप के माध्यम से खंड शिक्षा अधिकारी और एआरपी स्कूलों की जियो टैगिंग का कार्य करेंगे। इस दौरान स्‍कूलों की पूरी जानकारी, ब्लाक और गांव तथा न्याय पंचायत का नाम, विद्यालय का नाम, संबंधित नेशनल और स्टेट हाईवे का नाम सहित अन्य जानकारी आनलाइन फीड करेंगे।

शिक्षक भी चलाएंगे कंप्यूटर

बेसिक शिक्षा विभाग के परिषदीय विद्यालयों में पढ़ाने वाले शिक्षक अब कंप्यूटर चलाना भी सीखेंगे। इस संबंध में बेसिक शिक्षा विभाग के उच्‍चाधिकारियों ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को दिशा-निर्देश जारी किए हैं कि वह 30 दिन का प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाकर शिक्षकों को कंप्यूटर चलाने में दक्षता प्रदान करें। आने वाले सत्र से इसकी शुरुआत होने की संभावना है। कोविड-19 वैश्विक महामारी के दौरा बच्‍चों की पढ़ाई पर काफी प्रभाव पड़ा है।

शुरू कर दिया गया है स्कूलों को चिह्नित करने का काम

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी राजेंद्र सिंह ने बताया कि उच्‍च अधिकारियाें का पत्र मिलने के बाद स्कूलों को चिह्नित करने का काम शुरू कर दिया गया है। जल्द ही स्कूल चिह्नित करने के बाद उनकी जियो टैगिंग कराई जाएगी।

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