कहां खाली किया खजाना, अब प्रशासक को पड़ेगा बताना

कहां खाली किया खजाना, अब प्रशासक को पड़ेगा बताना

ग्राम प्रधानों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद प्रशासक की तैनाती हुई थी। चार माह में 17.63 करोड़ रुपये खर्च हो गए।

JagranSat, 15 May 2021 11:15 PM (IST)

गोंडा : किस गांव में कितनी धनराशि किस परियोजना पर कब खर्च की गई है। इन सवालों के जवाब को लेकर पड़ताल शुरू हो गई है। ये फैसला कुछ ब्लाक में स्वीकृत परियोजनाओं से हटकर दूसरे कार्यों पर खर्च करने की जानकारी मिलने के बाद लिया गया है। बीते चार माह में जिले के 16 ब्लाकों की ग्राम पंचायतों में प्रशासकों ने 17.63 करोड़ रुपये का भुगतान किया है। डीएम के निर्देश पर सूचना निर्धारित प्रारूप पर तलब की गई है।

जिले में निर्वाचित प्रधानों का कार्यकाल 25 दिसंबर 2020 को समाप्त हो गया था। इसी क्रम में 1044 ग्राम पंचायतों में प्रधानों के दायित्व का निर्वहन करने के लिए जिला प्रशासन ने प्रशासकों की तैनाती थी। ग्राम पंचायतों के खाते में उपलब्ध धनराशि का खर्च शासन के प्राथमिकता वाले कार्यों पर करने के लिए एक प्रस्ताव ब्लाकों से मंगाया गया था। डीएम मार्कण्डेय शाही ने निर्धारित परियोजनाओं पर अवशेष धनराशि खर्च करने की स्वीकृति जनवरी में दी थी। विभागीय सूत्र के अनुसार बीते दिनों विभागीय समीक्षा के दौरान जिले के तीन विकास खंडों में धनराशि दूसरे कार्यों पर खर्च करने की बात प्रकाश में आई थी। इसके बाद ब्लाकवार खर्च की पड़ताल शुरू हो गई है। डीपीआरओ सभाजीत पांडेय ने संबंधित ब्लॉक के प्रशासक व एडीओ पंचायत से परियोजनावार खर्च का ब्योरा तलब किया है।

इन कार्यों पर थी खर्च की छूट :

- पंचायत भवन निर्माण

- सामुदायिक शौचालय निर्माण

- दिव्यांग के लिए शौचालय निर्माण

- ऑपरेशन कायाकल्प के कार्य किस ब्लॉक में कितनी धनराशि हुई खर्च :

विकास खंड - धनराशि

बभनजोत - 73.68

बेलसर - 62.33

छपिया - 188.13

कर्नलगंज - 158.61

हलधरमऊ - 12.09

इटियाथोक - 93.48

झंझरी - 273.71

कटराबाजार - 95.83

मनकापुर - 205.69

मुजेहना - 137.36

नवाबगंज - 13.22

पंडरीकृपाल - 158.02

परसपुर - 80.55

रुपईडीह - 148.20

तरबगंज - 38.70

वजीरगंज - 23.52

(नोट : धनराशि लाख रुपये में है।)

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