रैपिड रेल: 73 मीटर लंबे पहले स्टील स्पैन को स्थापित करने का काम पूरा, दूसरे का निर्माण जारी

जासं गाजियाबाद राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रू

JagranWed, 08 Dec 2021 09:11 PM (IST)
रैपिड रेल: 73 मीटर लंबे पहले स्टील स्पैन को स्थापित करने का काम पूरा, दूसरे का निर्माण जारी

जासं, गाजियाबाद: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (एनसीआरटीसी) ने दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रूट पर रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम कारिडोर के पहले स्टील स्पैन को स्थापित करने का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। 850 टन वजन का यह स्पैन 73 मीटर लंबा है, जिसे वसुंधरा के पास रेलवे लाइन के ऊपर दो पिलर को आपस में जोड़ने के लिए स्थापित किया गया है। इसके साथ ही मेरठ तिराहे के पास आरआरटीएस वायाडक्ट एक फ्लाइओवर और दिल्ली मेट्रो के वायाडक्ट को पार कर रहा है। यहां पर 150 मीटर लंबा दूसरा स्टील स्पैन स्थापित किया जाना है, जिसका निर्माण जारी है। साहिबाबाद से दुहाई के बीच 2023 से दौड़ेगी रैपिड रेल: दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कारिडोर का प्राथमिक खंड साहिबाबाद से दुहाई डिपो का है, यहां पर वर्ष 2023 से रैपिड रेल का संचालन होना है। प्राथमिक खंड के साहिबाबाद, गाजियाबाद, गुलधर, दुहाई और दुहाई डिपो स्टेशन का निर्माण कार्य जारी है। गाजियाबाद से दुहाई के बीच के वायाडक्ट पर रेल पटरियों को जोड़ने का काम चल रहा है। दिल्ली से गाजियाबाद होते हुए मेरठ के बीच रैपिड रेल का संचालन वर्ष 2025 से किया जाएगा। बयान

आरआरटीएस कारिडोर में जहां पर नदी, पुल, रेल क्रासिग, मेट्रो कारिडोर, एक्सप्रेस-वे को पार कर रहा है। वहां स्पेशल स्टील स्पैन स्थापित कर दो पिलर को जोड़ा जाना है। एक स्टील स्पैन को स्थापित किया जा चुका है। इसके बाद वायाडक्ट पर ट्रैक बिछाने और ओएचई स्थापना का कार्य तुरंत शुरू किया जा सकता है। अब तक एलिवेटेड सेक्शन के 1100 से अधिक पिलर बनाए गए हैं, 50 किमी फाउंडेशन का कार्य और 14 किलोमीटर तक वायाडक्ट का कार्य पूरा हो चुका है।

- पुनीत वत्स, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, एनसीआरटीसी

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