एनएचएम कर्मियों की हड़ताल से मरीजों की मुश्किल, वार्ता विफल

सीएमओ और एसडीएम की अपील को हड़ताली नेताओं ने नकारा स्वास्थ्य केंद्रों से मरीज लौटने को विवश मेडिकल कालेज में मरीज बढ़े।

JagranThu, 02 Dec 2021 05:43 AM (IST)
एनएचएम कर्मियों की हड़ताल से मरीजों की मुश्किल, वार्ता विफल

दृश्य एक : बुधवार सुबह 11 बजे नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हिमायूंपुर पर ताला बंद था। स्वशासी राजकीय मेडिकल कालेज के दो कर्मचारी कोरोना से बचाव का टीका लोगों को लगा रहे थे। मरीज ताला बंद देख कर लौट रहे थे। - दृश्य दो: दोपहर 12 बजे नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नगला बरी की प्रभारी डा. रूचि यादव और स्टाफ नर्स किरन केंद्र पर थीं। टीकाकरण किया जा रहा था लेकिन फार्मासिस्ट और लैब टेक्नीशियन नहीं थे। इस कारण मरीज लौटाए जा रहे थे। जागरण संवाददाता, फिरोजाबाद: समान कार्य-समान वेतन, विनियमितीकरण समेत सात सूत्रीय मांगों को लेकर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के संविदा कर्मचारियों की हड़ताल से स्वास्थ्य केंद्रों पर इलाज कराने आने वाले मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम) से जुड़े करीब एक हजार कर्मचारियों की हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई हैं। सीएमओ और एसडीएम ने बुधवार को हड़ताली कर्मचारी नेताओं से वार्ता की। वार्ता बेनतीजा रही। एनएचएम कर्मियों की हड़ताल से मेडिकल कालेज अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ गई है।

बुधवार को जागरण की पड़ताल में स्वास्थ्य केंद्रों पर इलाज कराने आए मरीज परेशान नजर आए। नगला बरी स्वास्थ्य केंद्र की प्रभारी डा. रूचि यादव मरीजों को अस्पताल से दवा दिलाने में असमर्थता जताती रहीं। उनका कहना था कि मरीज मेडिकल कालेज अस्पताल में इलाज करा सकते हैं। हड़ताल से मरीजों को दवाएं नहीं मिल पाएंगी। वहीं सीएमओ डा. दिनेश कुमार प्रेमी व एसडीएम मनोज कुमार ने दोपहर में सीएमओ कार्यालय में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष प्रसून प्रताप सिंह व अन्य हड़ताली नेताओं से वार्ता कर हड़ताल समाप्त करने को कहा। अफसरों ने कहा कि हड़ताल से मरीजों को दिक्कत हो रही है। उनका मांग पत्र शासन को भिजवाया गया है। नेताओं ने हड़ताल समाप्त करने से इंकार किया। धरना प्रदर्शन में संगठन के महामंत्री पवन किशोर चौधरी, राहुल यादव, सौरव यादव, हरि सिंह, योगेश मिश्रा, मोहम्मद आलम, सुधीर कुमार, प्रदीप यादव, अरविंद चौधरी, प्रबल प्रताप सिंह आदि संविदा कर्मचारी उपस्थित थे।

---

- मरीजों की सुनिए

मैं नगला बरी स्वास्थ्य केंद्र पर महिलाओं से संबंधित बीमारी का इलाज कराने पहुंची थी। महिला डाक्टर तो मिलीं लेकिन अन्य स्टाफ गायब था। इसलिए बैरंग लौटना पड़ा।

- रूबी, नगला बरी मैं अपने छह वर्षीय बेटे फैज का नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर इलाज कराने आई थी। डाक्टर ने फार्मासिस्ट के हड़ताल पर होने की बात बताते हुए मेडिकल कालेज अस्पताल में इलाज कराने की सलाह दी।

यासमीन, कश्मीरी गेट

---

वर्जन

हड़ताली कर्मचारियों को मरीजों के हित में काम पर लौट आना चाहिए। वार्ता में भी मैंने उनसे अपील की है। सभी मांगें शासन ही पूरी कर सकता है।

डा. दिनेश कुमार प्रेमी, सीएमओ।

---

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.