लक्सर में गंगा किनारे बने स्थाई तटबंध मचा रहे तबाही

उत्तराखंड के लक्सर क्षेत्र के गांवों में कटान रोकने के लिए बनाए गए स्थाई तटबंध नांगल के खादर क्षेत्र में तबाही मचा रहे हैं। लगातार हो रही बारिश से गंगा में उफान है। सौफतपुर गौसपुर सहित कई गांवों में कटान करती हुई गंगा हरियाली को लील रही है। तेजी से हो रहे कटान से खादर क्षेत्र में हरियाली और गौसपुर की आबादी को खतरा बढ़ गया है।

JagranThu, 29 Jul 2021 06:53 AM (IST)
लक्सर में गंगा किनारे बने स्थाई तटबंध मचा रहे तबाही

जेएनएन, बिजनौर। उत्तराखंड के लक्सर क्षेत्र के गांवों में कटान रोकने के लिए बनाए गए स्थाई तटबंध नांगल के खादर क्षेत्र में तबाही मचा रहे हैं। लगातार हो रही बारिश से गंगा में उफान है। सौफतपुर, गौसपुर सहित कई गांवों में कटान करती हुई गंगा हरियाली को लील रही है। तेजी से हो रहे कटान से खादर क्षेत्र में हरियाली और गौसपुर की आबादी को खतरा बढ़ गया है।

नांगलसोती के गंगा खादर क्षेत्र में शहजादपुर, नांगल, जीतपुर, खानपुर, सराय आलम, कोटसराय, हरचंदपुर, मानपुर, मायापुरी, ढोलापुरी सहित कई गांव के किसान खेती करते हैं। उत्तराखंड से जुड़ी उत्तर प्रदेश की सीमा पर गंगा के प्रवेश द्वार पर बने स्थाई तटबंध से गंगा की धारा यूपी की ओर इस तरह मुड़ गई है कि इससे गंगा दो धारों में तब्दील होकर नांगलसोती क्षेत्र के चंदगोयला, गोलाघाटी, सौफतपुर आदि क्षेत्रों में जमकर कटान कर रही है। कई किसानों के कई वर्ष पुराने बाग गंगा की भेंट चढ़ चुके हैं। साथ ही खादर में उगाई गई गन्ने, चारे की फसल भी गंगा के कटान में समा गई है। ग्राम गौसपुर में तो आलम यह है कि कई किसान भूमि विहीन हो गए हैं। अब गंगा गांव से मात्र 100 मीटर की दूरी पर तेज गति से बह रही है और लगातार चट्टाने गंगा में समा रही हैं। डर है कि रात में गंगा ने कटान तेज किया, तो कुछ ही समय में गंगा गौसपुर की आबादी में घुस जाएगी। -इनका कहना है

प्रशासन ने ग्राम गौसपुर पर निगाह जमाई हुई है। साथ ही ग्रामीणों को भी सुरक्षित व सतर्क रहने की सलाह दी हुई है। बरसात रुकने पर स्टड बनाने के प्रयास किए जाएंगे।

-परमानंद झा, एसडीएम नजीबाबाद

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