डीएम के सख्त तेवर देख सहमे अफसर,28 को मिला न्याय

बस्ती: संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी आशुतोष निरंजन के सख्त तेवर देख अफसरों के होश उड़ गए। डीएम और एसपी हेमराज मीणा ने एक एक कर 108 फरियादियों की समस्याएं सुनी। दस मामले मौके पर ही निस्तारित कर दिए गए। बाकी को आश्वासन देकर वापस भेज दिया गया। जिले की अन्य तीन तहसीलों की स्थिति और भी खराब है। रुधौली,भानपुर और हर्रैया में 215 पीड़ित फरियाद लेकर पहुंचे लेकिन महज 18 को ही न्याय मिल पाया।

सदर तहसील में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने पीड़ितों की समस्याएं सुनीं। अधिशाषी अभियन्ता सरयू नहर खण्ड-4 के अनुपस्थित पाए जाने पर उनका स्पष्टीकरण तलब किया गया है।

डीएम ने प्राप्त शिकायतों को अगले तहसील दिवस के पूर्व निस्तारित कर आख्या आनलाइन करने का निर्देश दिया है। कहा शिकायतकर्ता की बात जरूर सुनी जाए,इसके बाद ही किसी मामले में कोई फैसला लिया जाए। उन्होंने सभी कानूनगो को निर्देश दिया अपने क्षेत्र की समस्याओं का अंकन रजिस्टर में करें। उप जिलाधिकारी श्रीप्रकाश शुक्ल,सीएमओ डा. एके गुप्ता,तहसीलदार पवन जायसवाल,अधिशाषी अभियन्ता संतोष कुमार, विशेश्वर प्रसाद,पीडी आरपी सिंह,डीडीओ अजीत श्रीवास्तव,जिला पूर्ति अधिकारी रमन मिश्र, जिला खाद्य विपणन अधिकारी गोरखनाथ तिवारी के अलावा अन्य सभी जिलास्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

रुधौली में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी अरविद कुमार पाण्डेय ने की। यहां कुल 55 मामले आए जिसमें से 6 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया।

हर्रैया में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस की अध्यक्षता कर रहे मुख्य राजस्व अधिकारी चंद्र प्रकाश उपध्याय ने कहा प्रत्येक शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण किया जाए। समाधान दिवस में उनके पास कुल 92 मामले आए। इनमें से कुल 6 का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया।

भानपुर में अपर जिलाधिकारी रमेश चंद्र की अध्यक्षता में संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन किया गया। इस मौके पर कुल 68 शिकायतों का पंजीकरण किया गया, जिसमें से मात्र 6 का ही मौके पर निस्तारण कर दिया गया। दोपहर 12 बजे कमिश्नर अनिल कुमार सागर और आइजी आशुतोष कुमार पहुंचे। यहां दोनों अफसरों ने डेढ़ घंटे तक लोगों की समस्याएं सुनीं। समाधान दिवस निस्तारण पंजिका का निरीक्षण किया। शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण न होने पर नाराजगी जताई। यहीं पर विधायक संजय प्रताप जायसवाल से मुनियांव मनिकौरा गांव की डेढ़ दर्जन महिलाओं ने पात्र गृहस्थी राशन कार्ड को लेकर शिकायत की।

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