15 दिन में आठ पशुओं की मौत, कई लंपी बीमारी की चपेट में

पशुओं की मौत पर जागा विभाग गांव में पहुंची टीम

JagranSun, 28 Nov 2021 10:42 PM (IST)
15 दिन में आठ पशुओं की मौत, कई लंपी बीमारी की चपेट में

जागरण संवाददाता, रखौना, बस्ती : जिले के कुदरहा, बहादुरपुर व बनकटी ब्लाक में लंपी वायरस गोवंश पर कहर बनकर टूट रहा है। इन क्षेत्रों में संक्रमण कस प्रसार तेजी से फैल रहा है। दो सप्ताह के भीतर करीब आठ पशुओं की मौत हो गई। संक्रमण के बढ़ते खतरे से पशुपालकों में भय की स्थिति बन गई है।

मरने वाले पशुओं में जल्द बच्चे को जन्म देने वाली गाय और उनके बच्चे शामिल हैं। कुदरहा ब्लाक के माधोपुर गांव में 10 दिन पूर्व दिनेश चंद पाल की एक गाय बच्चे को जन्म दी थी। चार दिन बाद गाय व बच्चे के शरीर पर फफोले निकल आए और बुखार हो गया। इससे दोनों की मौत हो गई। गांव का यह कोई अकेला मामला नहीं है। सुरेश बहादुरपुर पाल की दो गाय थी। दोनों हाल ही में बच्चे को जन्म दी थी। उनके भी शरीर पर फफोले निकल आए थे। जब तक वह उनका उपचार कराना शुरू किए स्थित गंभीर हो गयी थी। फफोलों में कीड़े पड़ गए थे। दोनों गाय व बच्चे की मौत एक सप्ताह के अंदर हो गयी। वहीं सिल्लों गांव के राम विशाल गुप्ता ने बताया कि गाय एक बच्चे को जन्म दी थी, जो चार दिन पूर्व उसकी मौत हो गई। राजपुर बैरिहवा में भी एक गाय के बच्चे की मौत एक सप्ताह पूर्व हुई है। उसके भी शरीर पर अनगिनत फफोले पड़े थे। जो घाव बन चुके थे। भदीपूरा गांव भी इससे अछूता नहीं है।

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पशुओं की मौत पर जागा विभाग, गांव में पहुंची टीम :

लंपी बीमारी के चलते पशुओं की हुई मौत के बाद विभाग की नींद टूट गई है। शनिवार कोर पशु चिकित्साधिकारी कुदरहा डा. फजील खान माधोपुर गांव में पहुंचे। कैंप लगाकर लोगों को लंपी के लक्षण व बचाव के उपाय बताए। 80 पशुओं के इलाज का दावा भी किया। तीन पशु लंपी से संक्रमित मिले। जिन्हें अन्य पशुओं से दूर रखने को कहा गया। डा. फजील खान ने बताया कि उन्हें पशुओं के मौत की सूचना शुक्रवार को मिली थी। दूसरे दिन ही कैंप लगाकर लोगों को जागरूक किया गया।

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