बरेली में मानव संपदा पोर्टल पर दस्तावेज अपलोड न करने वालों पर एसटीएफ की नजर टेढ़ी, करेगी जांच

ऐसे शिक्षकों को 17 दिसंबर तक आखिरी मौका दिया गया है। उसके बाद सूची एसटीएफ को सौंप दी जाएगी।

मानव सम्पदा पार्टल पर अपने डॉक्यूमेंट अपलोड न करने वाले परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों व कर्मचारियों पर विभाग की टेढ़ी नजर है। ऐसे शिक्षकों को 17 दिसंबर तक आखिरी मौका दिया गया है। उसके बाद सूची एसटीएफ को सौंप दी जाएगी।

Publish Date:Sat, 05 Dec 2020 10:37 AM (IST) Author: Sant Shukla

बरेली, जेएनएन।  मानव सम्पदा पार्टल पर अपने डॉक्यूमेंट अपलोड न करने वाले परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों व कर्मचारियों पर विभाग की टेढ़ी नजर है। ऐसे शिक्षकों को 17 दिसंबर तक आखिरी मौका दिया गया है। उसके बाद सूची एसटीएफ को सौंप दी जाएगी।

केंद्र सरकार के निर्देश पर सभी विभागों में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों का सेवा विवरण व डॉक्यूमेंट मानव संपदा पोर्टल पर अपलोड किया जाना है। बेसिक शिक्षा विभाग में भी इस पर काम तेजी से चल रहा है। लेकिन बहुत से ऐसे शिक्षक व शिक्षा मित्र व कर्मचारी हैं, जिन्होंने अब तक डॉक्यूमेंट अपलोड ही नहीं किए। इन सभी को 10 नवंबर तक मौका दिया गया था। अब ऐसे लोगों पर विभाग शिकंजा कसने की तैयारी में है। बेसिक शिक्षा निदेशक डॉ. सर्वेंद्र विक्रम बहादुर सिंह ने बीएसए को पत्र भेजकर कहा है कि सेवा विवरण और सेवा पुस्तिका का सत्यापन करने के लिए तीन फीसद अधिकारी, कर्मचारी, शिक्षक, शिक्षा मित्र व अनुदेशक बचे हैं। इसलिए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से 17 दिसंबर तक यह कार्य शत प्रतिशत कराया जाए। जो मानव संपदा पोर्टल पर अपने अभिलेख का डाटा वेरीफिकेशन नहीं कराएंगे, उनकी सूची विशेष जांच के लिए एसटीएफ को दी जाएगी।मानव संपदा पोर्टल पर विवरण इसलिए अपलोड करवाए जा रहे हैं जिससे ऐसे शिक्षकों या शिक्षा मित्र की पहचान की जा सके जो फर्जी दस्तावेज के जरिए भर्ती हो गए हैं और नौकरी कर रहे हैं। यही वजह है कि जिन शिक्षकों ने विवरण नहीं अपलोड किये हैं। वह एसटीएफ की नजर में हैं। 

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