PM नरेंद्र मोदी रैली : तेज रफ्तार काफिला फिर भी झलक पाने की दिखी बेताबी

जेएनएन, बरेली : इस बार का चुनाव भी प्रधानमंत्री मोदी के ईद-गिर्द ही है। चाय वाले के बाद चौकीदार की पदवी ने खूब सुर्खियां बटोरी हैं। मोदी खुद को चौकीदार कहकर देश की सुरक्षा का मुद्दा उठा रहे हैं। जवाब में विरोधी चौकीदार शब्द की परिभाषा अपने-अपने अंदाज में बता रहे हैं। सत्ता और विपक्ष में छिड़े इस द्वंद के बीच शनिवार को जब मोदी बरेली आए तो उन्हे देखने के लिए भी लोगों में बेताबी झलकी। आंवला के देवचरा में रैली शुरू होने से पहले ही फोर्स ने उस रूट को कवर कर रखा था, जिससे बाद में पीएम के काफिले को गुजरना था। सड़कों पर कड़े सुरक्षा बंदोबस्त के बावजूद लोग खासकर महिलाएं घर के दरवाजे पर खड़ी या फिर बैठी दिखाई दीं। यह नजारा लाल फाटक से पहले और फिर कैंट क्षेत्र से लेकर एयरफोर्स के त्रिशूल हवाई अड्डे तक रहा। मोदी को लेकर जब हेलीकाप्टर हेलीपैड पर उतरा तो भीड़ खड़ी हो गई। वह मंच तक पहुंचे, तब लोग अपनी कुर्सियों पर बैठे। जब उन्होंने बोलना शुरू किया, तब भी लोग खड़े हो गए। महिलाएं पीछे से दिखाई नहीं देने पर आगे की तरफ आ गई। महिला पुलिस कर्मी भी पीएम को देखने के लिए इधर-उधर चहलकदमी करती रहीं। देर शाम जब जनसभा खत्म करने के बाद जब पीएम काफिले के साथ निकले तो लोग झलक पाने के लिए रास्तों में ठिठक गए। कैंट के बीआइ बाजार में महिलाओं ने उन्हें देखकर नमस्ते के लिए हाथ जोड़े तो जवाब में प्रधानमंत्री ने भी ऐसा ही किया। रास्ते में ज्यादातर जगह वह लोगों का हाथ हिलाकर अभिवादन करते हुए गुजरे।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.