ग्रामीण उपभोक्ताओं के घर बैठे बिल निकाल रहे मीटर रीडर

ग्रामीण उपभोक्ताओं के घर बैठे बिल निकाल रहे मीटर रीडर
Publish Date:Thu, 24 Sep 2020 11:45 PM (IST) Author: Jagran

बाराबंकी : रामनगर डिवीजन के सूरतगंज ब्लॉक क्षेत्र के ग्रामीण उपभोक्ताओं के घरों पर मीटर से बिल निकालने मीटर रीडर नहीं पहुंच रहे हैं। बिलिग एजेंसी के कर्मचारी उपभोक्ता के घर गए बगैर ही बिल जेनरेट कर देते हैं। बिलिग कंपनी की इस लापरवाही का खामियाजा अब उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ रहा है। मीटर रीडर के विरुद्ध उपभोक्ताओं की शिकायतें बढ़ने के बाद बिजली विभाग के अधिकारियों ने बिलिग कंपनी को पत्र लिखकर बिलिग व्यवस्था में सुधार न लाने पर मीटर रीडरों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।

केस एक- रामनगर फीडर के सुबेदारपुरवा के बिजली उपभोक्ता अनुज कुमार सिंह व बब्लू सिंह के यहां वैसे तो कई वर्षों से कनेक्शन है। लेकिन, तीन अगस्त 2019 को मीटर भी लगाया गया। करीब एक वर्ष बीतने के बाद भी मीटर रीडर बिल निकालने नहीं आए। विभाग के अधिकारियों से शिकायत के बाद भी कोई रीडिग लेने नहीं आया।

केस दो- हेतमापुर फीडर के पांडेयपुर गांव निवासी मालती यादव को वर्ष 2018 में सौभाग्य योजना के तहत बिजली कनेक्शन मिला था। करीब दो वर्ष गुजरने के बाद भी मीटर रीडर बिल निकालने नहीं पहुंचे। ऐसे में इन्हें ही नहीं सौभाग्य योजना के अधिकांश उपभोक्ताओं को बिजली बिल की जानकारी नहीं हो पा रही है। केस तीन- पृथीपुरवा गांव की रिहाई देवी को वर्ष 2018 में सौभाग्य योजना का लाभ मिला था। घर में करीब दो साल से बिजली जल रही है। इन्होंने बताया कि आज तक कोई कर्मचारी बिल निकालने नहीं आया। इनसेट 15 सितंबर को बिलिग का ठेका लेने वाली मेसर्स कंपोटेटिव एजेंसी लखनऊ को पत्र लिखा गया है। मीटर रीडर एक स्थान पर ही बैठकर फर्जी बिल निर्गत कर रहे हैं। जबकि, वास्तविक मीटर रीडिग में खपत कुछ और होती है। यदि बिलिग व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

विकास सोनी, एसडीओ, रामनगर।

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