मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह बोले-यूपी में निवेश की सभी बाधाओं को दूर किया, 35 देशों के अप्रवासी भारतीयों से ऑनलाइन की परिचर्चा

प्रदेश के कैबिनट मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने 35 देशों के अप्रवासी भारतीयों से ऑनलाइन की परिचर्चा की।
Publish Date:Fri, 30 Oct 2020 01:16 PM (IST) Author: Brijesh Srivastava

प्रयागराज, जेएनएन। प्रदेश में कारोबार के लिए नई नीतियां बनाई गई हैं। निवेश की सभी बाधाओं को दूर कर दिया गया है। सिर्फ 72 घंटे में निवेशकों को अनापत्ति प्रमाण पत्र प्राप्त हो रहा है। यह जानकारी प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने 35 देशों में रह रहे अप्रवासी भारतीयों से ऑनलाइन संवाद के दौरान दी।

कैबिनट मंत्री ने बताया कि प्रदेश में आधारभूत ढांचे को विकसित करने, शैक्षणिक विकास के साथ ही स्वास्थ्य के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। यहां एक जनपद एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना लागू की गई है। इसके सकारात्मक असर देखने को मिल रहे हैं। पर्यटन को भी बढ़ावा देने के लिए प्रयास चल रहा है। इसके लिए कुशीनगर में अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट भी विकसित हो रहा है। दीपावली के बाद यह शुरू हो जाएगा।

पर्यटन के क्षेत्र में हो रहा काम

ऑनलाइन संवाद में कैबिनेट मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा कि अप्रवासी भारतीयों के लिए भी कई डेस्क बनाई गई हैं जिससे उनकी समस्याओं का समाधान अलग अलग स्तर पर हो सके। अब उत्तर प्रदेश में फिल्म सिटी का भी प्रस्ताव पारित हो चुका है। अयोध्या को दुनिया का विलक्षण पर्यटन स्थल बनाया जा रहा है। आत्मनिर्भर पैकेज के तहत अब तक प्रदेश में साढ़े पांच लाख लोगों/कंपनियों को ऋण दिया जा चुका है। स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए 1000 करोड़ का पैकेज निर्धारित है।

इन देशों से ऑनलाइन जुड़े लोग

ऑनलाइन संवाद में कई देशों में रह रहे अप्रवासी भारतीय जुड़े। इनमें अबू धाबी से राकेश मेहता, कनाडा से प्रशांत शंकर पाठक, यूरोप से सुमित चक्रवर्ती, नाइजीरिया से देवेश मिश्रा, जर्मनी से रवींद्र कुलकर्णी आदि ने संवाद में हिस्सा लिया। इस मौके पर  अतिरिक्त मुख्य सचिव आलोक कुमार व नवनीत सहगल भी मौजूद रहे।

वीजीएम एप का लोकार्पण

कार्यक्रम में आइआइटी बीएचयू की संवॢधत स्टार्टअप कंपनी की ओर से विकसित महिला एवं बाल सुरक्षा को समॢपत वीजीएम एप का लोकार्पण किया गया। इस दौरान इसके संस्थापक मृत्युंजय सिंह ने एप के बारे में बताया। वेबिनार में 150 से अधिक लोग शामिल हुए।

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