मदद की गुहार लगा रहे शख्स के लिए दरवाजा खोला तो प्रतापगढ़ में मार दी पान विक्रेता को गोली

शुक्रवार की रात वह घर में वह भाइयों के साथ भोजन कर रहा था। इसी बीच किसी ने दरवाजा खटखटाया। उसने जान बचाने की गुहार लगाई। इस पर विनोद ने दरवाजा खोला तो जमुनीपुर गांव का राजकुमार उपाध्याय फौरन घर में घुस आया। उसके पीछे बदमाश पड़े थे।

Ankur TripathiSat, 19 Jun 2021 09:31 PM (IST)
घायल व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती कराकर पुलिस गोली चलाने वाले अपराधियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।

प्रयागराज, जेएनएन। पड़ोसी जिले प्रतापगढ़ के रानीगंज इलाके में मदद की गुहार लगा रहे शख्स के लिए दरवाजा खोलने पर पान विक्रेता अपराधियों द्वारा की फायरिंग की चपेट में आकर घायल हो गया। और असल में बदमाशों के निशाने पर जो शख्स था वह साफ बच गया। घायल व्यक्ति को अस्पताल में भर्ती कराकर पुलिस गोली चलाने वाले अपराधियों की तलाश में छापेमारी कर रही है।

भोजन कर रहा था तभी आ गई मुसीबत

रानीगंज थाना क्षेत्र के लच्छीपुर बाजार निवासी 30 साल के विनोद कुमार तिवारी ने घर के पास गुमटी में पान व तंबाकू की दुकान खोल रखी है। शुक्रवार की रात वह दुकान बंदकर घर चला गया। घर में वह भाइयों के साथ भोजन कर रहा था। इसी बीच किसी ने दरवाजा खटखटाया। उसने जान बचाने की गुहार लगाई। इस पर विनोद ने दरवाजा खोला तो जमुनीपुर गांव का राजकुमार उपाध्याय फौरन घर में घुस आया। उसके पीछे बदमाश पड़े थे। उसे मारने के लिए बदमाशों ने गोली चला दी। गोली राजकुमार को न लगकर विनोद को लग गई। वह घायल हो गया। यह देख बदमाश वहां से भाग निकले। अचानक विनोद को गोली लगने से घर में अफरातफरी मच गई। सूचना पुलिस को दी गई तो डायल 112 की पीआरवी और एसओ पवन त्रिवेदी पुलिस टीम के साथ लच्छीपुर बाजार घटना स्थल पर पहुंचे। घायल विनोद को एंबुलेंस से सीएचसी रानीगंज भेजवाया, जहां प्राथमिक उपचार करने के बाद मेडिकल कालेज अस्पताल रेफर कर दिया गया। इस मामले में घायल विनोद के भाई मनोज तिवारी ने रानीगंज थाने में तहरीर दी है। उसमें पूरा घटनाक्रम बताया है। एसओ पवन त्रिवेदी का कहना है कि घटना की तहरीर मिली है। सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा रहा है।

बचकर वहां से भाग गया राजकुमार

बदमाशों की गोली से बाल-बाल बचा राजकुमार कुछ देर बाद वहां से भाग गया। ऐसे में उसका हमलावरों से क्या विवाद था, क्यों उसे वह जान से मारने को दौड़ाए थे यह अब तक पता नहीं चला है। हां इतना जरूर है कि अगर वक्त पर दरवाजा न खोला जाता तो राजकुमार की जान न बच पाती। सीओ डा. अतुल अंजान त्रिपाठी का कहना है कि राजकुमार डरकर भाग गया है। वह मिलेगा तो पूरे मामले से पर्दा उठेगा।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.