आगरा में एडीए की एनओसी के बाद व्यावसायिक भवनों को मिलेगा विद्युत कनेक्शन

एडीए उपाध्यक्ष ने टोरंट और डीवीवीएनएल को जारी किया नोटिस। एडीए के दस वार्डों में हैं 17 हजार अवैध निर्माण और 256 अवैध कालोनियां। अगर कनेक्शन दिया जाता है तो यह उप्र विद्युत प्रदान संहिता-2005 के खंड 4.9 घ का उल्लंघन होगा।

Prateek GuptaThu, 10 Jun 2021 02:49 PM (IST)
अब अवैध निर्माण में बिजली का कनेक्‍शन लेना आसान नहीं होगा।

आगरा, जागरण संवाददाता। टोरंट कंपनी और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लि. (डीवीवीएनएल) अब बिना एडीए की एनओसी के व्यावसायिक भवनों को विद्युत कनेक्शन नहीं दे सकेंगे। एडीए उपाध्यक्ष डा. राजेंद्र पैंसिया ने दोनों विभागों को नोटिस जारी किया है। अवैध निर्माणों में अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग लेने की बात कही गई है। नोटिस जारी किया गया है कि बिना एडीए की एनओसी के किसी भी व्यावसायिक भवन स्वामी को कनेक्शन न दिया जाए। अगर कनेक्शन दिया जाता है तो यह उप्र विद्युत प्रदान संहिता-2005 के खंड 4.9, घ का उल्लंघन होगा। एडीए के दस वार्डों में 17 हजार अवैध निर्माण और 256 अवैध कालोनियां हैं। उप्र नगर योजना एवं विकास अधिनियम-1973 के तहत एडीए द्वारा आगरा महायोजना-2021 लागू है जबकि 2031 पर काम चल रहा है। महायोजना के तहत जिस तरीके से शहर का स्वरूप होना चाहिए। अवैध निर्माण होने से उसमें रुकावट पैदा होती है। कई बार मामले कोर्ट तक भी चले जाते हैं। एडीए उपाध्यक्ष ने बताया कि विद्युत कनेक्शन देने से पूर्व भवन का नक्शा पास है या नहीं, इसकी जांच अनिवार्य रूप से होनी चाहिए। पूर्णता प्रमाण पत्र जारी हुआ है या नहीं इसे देखा जाना चाहिए। एडीए से एनओसी लेने के बाद ही कनेक्शन जारी किया जाना चाहिए। अगर दोनों विभागों द्वारा बिना एनओसी के कनेक्शन जारी किया जाता है तो यह नियमों का उल्लंघन होगा। ऐसे में दोनों विभागों के संबंधित अफसरों पर सुसंगत धाराओं में कार्रवाई की जा सकती है।

 

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.