Elon Musk की इंटरनेट सर्विस की कीमत जानकर रह जाएंगे दंग! चेक करें सब्सक्रिप्शन चार्ज, टैक्स और अन्य दरें

Elon Musk Satellite broadband Service ग्राहकों Starlink सर्विस के लिए को मोटी रकम चुकानी होगी। स्टारलिंक के इंडिया हेड संजय भार्गव के linkedin पोस्ट के मुताबिक भारत में स्टारलिंग सर्विस के लिए ग्राहकों को पहले साल करीब 158000 रुपये देने होंगे।

Saurabh VermaPublish:Mon, 06 Dec 2021 12:55 PM (IST) Updated:Mon, 06 Dec 2021 01:09 PM (IST)
Elon Musk की इंटरनेट सर्विस की कीमत जानकर रह जाएंगे दंग! चेक करें सब्सक्रिप्शन चार्ज, टैक्स और अन्य दरें
Elon Musk की इंटरनेट सर्विस की कीमत जानकर रह जाएंगे दंग! चेक करें सब्सक्रिप्शन चार्ज, टैक्स और अन्य दरें

नई दिल्ली, टेक डेस्क। Elon Musk Satellite broadband Service: अगर आप एलन मस्क (Elon Musk) की कंपनी स्टारलिंक (Starlink) के फास्ट इंटरनेट का इंतजार कर रहे हैं, तो आपको जोरदार झटका लग सकता है, क्योंकि यह भारत में काफी महंगा रहने वाला है। ग्राहकों Starlink सर्विस के लिए को मोटी रकम चुकानी होगी। स्टारलिंक के इंडिया हेड संजय भार्गव के linkedin पोस्ट के मुताबिक भारत में स्टारलिंग सर्विस के लिए ग्राहकों को पहले साल करीब 1,58,000 रुपये देने होंगे।

देना होगा कितना चार्ज  स्टारलिंक की फास्ट इंटरनेट कनेक्टिविटी के लिए उपकरण पर पहले माहल 499 डॉलर (करीब 37,400 रुपये) खर्च आएगा। जबकि मंथली सब्सक्रिप्शन चार्ज 99 डॉलर (करीब 7,245 रुपये) होगा। इसके अलावा 30 फीसदी टैक्स और अन्य चार्ज सरकार को देने होंगे।  इस तरह ग्राहकों को पहले माह 45,000 रुपये देने होंगे। ऐसे में पहले साल स्टारलिंग ग्राहकों का सालाना चार्ज 1,58,000 रुपये होगा। जबकि दूसरे साल से घटकर सालना 1,15,000 रुपये खर्च हो जाएगा। सरकार की तरफ से टैक्स और अन्य दर लागू करने की वजह से स्टारलिंग कनेक्टिविटी महंगा हो जाएगा। लेकिन स्कूल, हेल्थकेयर सेंटर को सस्ती दर पर कनेक्टिविटी ऑफर की जा सकती है।

मिलेगी फास्ट इंटरनेट स्पीड 

Starlink कंपनी की मानें, तो सैटेलाइट बेस्ड कनेक्टिविटी के जरिए भारत में ग्राहकों को 150mbps की शानदार स्पीड उपलब्ध कराई जाएगी। 

31 जनवरी 2022 से पहले रजिस्ट्रेशन पूरा होने की उम्मीद 

बता दें कि स्टारलिंक कंपनी की तरफ से सरकार के समक्ष ऑफिशियल कॉमर्शियल लाइसेंस के लिए आवेदन करना है, जिसे 31 जनवरी 2021 से अप्लाई किया जा सकता है। ऐसे में कंपनी अप्रैल 2022 तक कॉमर्शियल सर्विस को भारत में रोलआउट कर सकती है। कंपनी साल 2022 के आखिरी तक भारत में 200k टर्मिनल की शुरुआत कर सकती है। केंद्रीय दूरसंचार विभाग (DoT) की तरफ से भारत में स्टारलिंक सर्विस की प्री-बुकिंग पर रोक लगा दी गई है। हालांकि लॉन्चिंग से पहले ही Starlink को भारत में कई हजार प्री-बुकिंग मिल चुकी हैं।