Rajasthan: लवली कंडारा एनकाउंटर मामले में अधिकांश मांगों पर बनी सहमति

Rajasthan राजस्थान में लवली कंडारा का विगत बुधवार को जोधपुर के बना क्षेत्र में रातानाडा पुलिस के द्वारा एनकाउंटर कर दिया गया था जिसके बाद यह पूरा मामला राजनीतिक रंग लेने लगा। इस मामले को लेकर कंडारा के परिजन प्रदर्शन कर रहे थे।

Sachin Kumar MishraMon, 18 Oct 2021 03:14 PM (IST)
लवली कंडारा एनकाउंटर मामले में अधिकांश मांगों पर बनी सहमति। फाइल फोटो

जोधपुर, संवाद सूत्र। राजस्थान में जोधपुर के इतिहास में पहली बार पुलिस के द्वारा किए गए एनकाउंटर के बाद उपजे विवाद को लेकर घटना के चौथे दिन सहमति बनी है। लवली के परिजन और वाल्मीकि समाज से जुड़े लोग अपनी मांगों पर विगत चार दिनों से अधिक समय से धरने पर थे और शव को नहीं उठा रहे थे। घटना के चौथे दिन मुख्यमंत्री के दिल्ली से वापस जयपुर पहुंचने के बाद स्थानीय नेताओं को मिले दिशानिर्देशों से पुलिस और जिला प्रशासन के साथ हुई वार्ता में सहमति बनी, जिसके बाद लवली कंडारा के पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू हुई है।लवली कंडारा का विगत बुधवार को जोधपुर के बना क्षेत्र में रातानाडा पुलिस के द्वारा एनकाउंटर कर दिया गया था, जिसके बाद यह पूरा मामला राजनीतिक रंग लेने लगा। भाजपा और कांग्रेस की खींचतान के बीच हनुमान बेनीवाल भी बीते दो दिनों से धरना स्थल पर अपनी मौजूदगी दर्ज करा कर वाल्मीकि समाज के साथ खड़े होने का एहसास करा रहे थे। इस बीच, मुख्यमंत्री के सिपहसालार के रूप में राजेंद्र सोलंकी, शहर विधायक मनीषा पवार और नगर निगम उत्तर के महापौर कुंती देवड़ा के साथ जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों की बैठक के बाद अधिकांश मांगों पर सहमति बनी है। इसके तहत जोधपुर पुलिस निरीक्षक लीलाराम के विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, पुलिस कर्मियों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज होगा। मामले की सीआइडी सीबी से जांच करवाई जाएगी।

इन मांगों पर बनी सहमति

दिनभर चले नाटकीय घटनाक्रम के बाद लवली कंडारा एनकाउंटर मामले में वाल्मीकि समाज की मांगे मान ली गईं। इसके अनुसार चारों पुलिसकर्मियों को निलंबित किया जाएगा, मामले की जांच सीआइडी सीबी द्वारा होगी। 25 लाख के मुआवजे की मांग राज्य सरकार को विचार के लिए भेजवाई जाएगी और साथ ही एडीएम की उपस्थिति में लवली कंडारा का पोस्टमार्टम होगा। इधर, धरने पर बैठे वाल्मीकि समाज के लोग पहले लिखित में आर्डर की मांग पर अड़े। फिर समझाइश के बाद पोस्टमार्टम प्रक्रिया शुरू हुई।

दिनभर चला नाटकीय घटनक्रम

रविवार का दिन होने के कारण दिनभर इस पूरे प्रकरण के निपटाने को लेकर कई बार नाटकीय घटनाक्रम देखने को मिला। पूर्व में धरना स्थल पर मीटिंग के बाद मांगे मानने की घोषणा हुई, लेकिन समाज के लोग लिखित आदेश को लेकर अड़ गए। वहीं, इस मामले में किसी अधिकारी के बयान ना आने को लेकर भी स्थिति गफलत भरी रही। लेकिन बाद में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में जिला कलेक्टर से हुई वार्ता के बाद सहमति बनने के साथ ही वाल्मीकि समाज के लोग पोस्टमार्टम के लिए राजी हुए।

हनुमान बेनीवाल दूसरे दिन भी पहुंचे धरनास्थल

रालोपा प्रमुख हनुमान बेनीवाल शनिवार के बाद रविवार को भी धरना स्थल पर पहुंचे और वाल्मीकि समाज को पूरा विश्वास दिलाया। उन्होंने कहा कि उन्हें डर है कि लवली के भाई मोंटू कंडारा का पुलिस एनकाउंटर ना कर दें। उनका कहना था कि वे सिर्फ पीड़ित परिवार को न्याय दिलवाना चाहते हैं, इसलिए यहां आए हैं। बेनीवाल का कहना है कि कांग्रेस क्रेडिट लेना चाहती है तो ले, लेकिन पीड़ित को न्याय दे। ऐसा न हो कि इस स्थिति में लवली के भाई मोंटू का भी पुलिस एनकाउंडर कर डाले।

जानें, क्या है मामला

शहर में बुधवार शाम हिस्ट्रीशीटर लवली कंडारा को जोधपुर के डिगाड़ी क्षेत्र में जवाबी फायरिंग में रातानाड़ा पुलिस ने मार गिराया। पुलिस को निजी कार में आते देख पांचबत्ती चौराहा सब्जी मंडी से हिस्ट्रीशीटर लवली कंडारा साथियों संग एसयूवी में भागा। पुलिस ने पीछा किया तो बदमाशों ने फायरिंग की। पुलिस पीछा करती रही। बदमाशों की एसयूवी सारण नगर पुलिया के पास पानी टंकी पर पहुंची तो पुलिस ने जवाब में आठ राउंड फायर किए। इसमें हिस्ट्रीशीटर लवली कंडारा घायल हुआ। पुलिस ने चार लोगों को हिरासत में लिया। बाद में अस्पताल में लवली की मौत हो गई। एनकाउंटर के बाद जोधपुर के एमडीएम अस्पताल में सफाई कर्मियों की भारी भीड़ उमड़ी थी और सफाई आयोग के पूर्व अध्यक्ष चंद्रप्रकाश टायसन ने झाड़ू डाउन हड़ताल का एलान किया था, जिसके बाद से अपनी मांगों को लेकर वाल्मीकि समाज के लोग धरना भी दे रहे थे।

सस्पेंड थानाधिकारी व पुलिस स्टाफ के समर्थन में सोशल मीडिया कैंपेन, जवानों का मैस बहिष्कार

जोधपुर में हुए लवली कंडारा एनकाउंटर मामले में बीते चार दिनों से बना गतिरोध धरना दे रहे मृतक के परिजनों और समाज के लोगों की मांगों को माने जाने के बाद टूट गया और लवली कंडारा का शव का पोस्टमार्टम भी हो गया, लेकिन थानेदार के निलंबन के आदेश की बात सामने आने के साथ ही सोशल मीडिया पर थानेदार के समर्थन में भी लोग सामने आए हैं। लोग इसे राजनीति व वोट बैंक के चक्कर में एक पुलिस अफसर के साथ अन्याय बता रहे हैं। इसको लेकर सोशल मीडिया पर जमकर लोग अपनी खुन्नस निकाल रहे हैं और ट्विटर फेसबुक वाट्सएप पर निलंबित थानेदार लीलाराम के समर्थन में जमकर पोस्ट वायरल हो रही है। इधर, जोधपुर पुलिस लाइन में पुलिस कार्मिकों द्वारा लीलाराम और अपने अन्य स्टाफ के समर्थन में मैस बहिष्कार कर रहे हैं।

धरना समाप्त

जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल की मोर्चरी के बाहर पिछले चार दिनों से दिया जा रहा वाल्मीकि समाज का धरना पुलिस और प्रशासन के साथ स्थानीय जनप्रतिनिधियों की वार्ता के बाद समाप्त हो गया। आपस में सहमति से बात बनी, जिसके तहत एनकाउंटर करने वाले रातानाडा थाना अधिकारी लीलाराम और उनके साथ तीन कांन्स्टेबल पर गाज गिरी। राजनीति के दबाव में चारों को सस्पेंड कर दिया गया। पुलिस अफसरों और परिजनों के बीच सहमति तो बन गई, लेकिन आमजन इस फैसले से सहमत नहीं दिखा लोगों ने निलंबित सीआइ के समर्थन में खुलकर अपनी भावनाएं व्यक्त की। ट्विटर पर हैश टैग स्टेट लीलाराम टाप ट्रेंडिंग पर है। एसएचओ लीलाराम टीम को बहाल करो ट्विटर पर जमकर ट्रेंड कर रहा है। लीलाराम मूलतः जैसलमेर से है। वहां भी इस कार्रवाई को लेकर आमजन में रोष है, वही मेघवाल समाज के लोग के अलावा आमजन भी इस संबंध में पुलिस अधिकारी के समर्थन में सोशल मीडिया पर कैंपेन की शुरुआत कर चुके हैं। ऐसे में मामला पूरी तरह से शांत नहीं कहा जा सकता।

मैस का बहिष्कार

अपने साथी पुलिसकर्मी की निलंबन की कार्रवाई के विरोध में जोधपुर पुलिस लाइन स्थित पुलिस मैस का भी पुलिस के जवानों द्वारा बहिष्कार करने की सूचना है । सूत्रों से जानकारी अनुसार, सोमवार को जवानों के लिए मैस मैं खाना नहीं बना। पुलिस के जवानों ने अपने साथियों के साथ हुए व्यवहार से आहत होकर मैस का बहिष्कार किया है। सामान्यतः चहल-पहल देखी जाने वाली मैस सोमवार को सुनसान रही।

शव का पोस्टमार्टम

बुधवार को हुए लवली के एनकाउंटर के बाद उसका शव चार दिनों तक जोधपुर के मथुरादास माथुर अस्पताल की मोर्चरी में रहा। जिसके बाद रविवार को आपसी सहमति के बाद खत्म हुए गतिरोध के बाद लवली कंडारा का पोस्टमार्टम हुआ। रविवार को दे रात शव का मेडिकल बोर्ड के सदस्यों से पोस्टमार्टम करवाया गया, जहां कार्यपालक मजिस्ट्रेट की उपस्थिति भी सही पांच सदस्य डाक्टरों की टीम में शौक आप पोस्टमार्टम किया जिसके बादशाह परिजनों को शाप दिया गया है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.
You have used all of your free pageviews.
Please subscribe to access more content.
Dismiss
Please register to access this content.
To continue viewing the content you love, please sign in or create a new account
Dismiss
You must subscribe to access this content.
To continue viewing the content you love, please choose one of our subscriptions today.