निगम ने वन विभाग को पत्र लिख 83 पेड़ काटने की मंजूरी मांगी

। नगर निगम के लगभग एक एकड़ क्षेत्र में विकसित किए गए बोटेनिकल गार्डन को उजाड़ कर तीन मंजिला निगम हाउस की इमारत बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

JagranSun, 17 Oct 2021 10:15 PM (IST)
निगम ने वन विभाग को पत्र लिख 83 पेड़ काटने की मंजूरी मांगी

राजकुमार राजू मोगा

नगर निगम ने आखिरकार तथ्यों को छिपाकर पिछले ढाई साल में नगर निगम के लगभग एक एकड़ क्षेत्र में विकसित किए गए बोटेनिकल गार्डन को उजाड़ कर तीन मंजिला निगम हाउस की इमारत बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

नगर निगम की ओर से वन विभाग को भेजे गए पत्र में छोटे बड़े 83 पेड़ों को काटने की अनुमति मांगी गई है। जबकि बोटेनिकल गार्डन में लगे 1000 से ज्यादा औषधीय महत्व के पौधे, फूल, फल और सब्जियों के पौधों का जिक्र ही नहीं किया गया है। हैरानी की बात है जिस जगह पर तीन मंजिला इमारत खड़ी होनी है वहां की मिट्टी की जांच ही नहीं की गई है। फायर ब्रिगेड वाली जगह की ही सिर्फ मिट्टी की जांच की गई है। नियमानुसार जिस जगह पर बहुमंजिला इमारत बननी होती है उस जगह की मिट्टी के सैंपल की जांच करनी होती है। ताकि इमारत खड़ी होने के बाद उसकी मजबूती रहेगी या नहीं रहेगी इसका पहले ही पता लगाया जा सके।

नगर निगम की पहली बैठक में दो अगस्त को निगम के पिछले हिस्से में रेलवे लाइन के किनारे वाली करीब एक एकड़ जगह में नए निगम हाउस की इमारत बनाने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया था। हैरानी की बात है निगम हाउस की बिल्डिंग बनाने के लिए नगर निगम के उद्यान विभाग एवं यहां के मुलाजिमों ने संयुक्त रूप से पिछले ढाई साल में जो बोटेनिकल गार्डन विकसित कर एक मिसाल कायम की थी उसे उजाड़ कर वहां बिल्डिंग बनाने का प्रस्ताव पास हुआ था। लेकिन निगम में सत्ता दल कांग्रेस के किसी सदस्य ने ही नहीं बल्कि विपक्षी सदस्यों ने भी प्रकृति के साथ होने वाले अन्याय के खिलाफ आवाज बुलंद नहीं की थी। इस बैठक से मीडिया को मेयर नीतिका भल्ला ने यह कह कर बाहर कर दिया था कि ऊपर से मीडिया को ना आने देने के आदेश हैं।

प्रस्ताव पास होने के बाद नगर निगम के सभी कर्मचारी संगठनों ने निगम के इस फैसले का विरोध किया था। क्योंकि बहुत से मुलाजिमों ने अपने जन्मदिन के मौके पर और शादी की वर्षगांठ पर परिवार के साथ आकर यहां पर पौधे रोपित किए थे। उन पौधों की निगम के मुलाजिम पूरी गंभीरता के साथ देखरेख कर रहे हैं। पौधों से उनकी संवेदनाएं जुड़ी हुई हैं। निगम मुलाजिमों के विरोध के कारण कुछ समय तक इस मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया अब नगर निगम की ओर से वन विभाग को एक पत्र लिखा गया है जिसमें जिक्र किया गया है निगम हाउस की इमारत जिस जगह बननी है, वहां छोटे-बड़े करीब 83 पेड़ लगे हुए हैं, जिन्हें काटा जाना है, पेड काटने की अनुमति दी जाए। बोटेनिकल गार्डन में लगी अन्य विभिन्न प्रजातियों की फूल, पौधों और पेड़ों का पत्र में जिक्र ही नहीं किया गया है। सिर्फ उन्हीं पेड़ों का जिक्र किया गया है जो बरसों से लगे हुए हैं। सूत्रों का कहना है अगर बोटेनिकल गार्डन उजाड़ा गया तो निगम के मुलाजिम इसके खिलाफ संघर्ष का बिगुल फूंक सकते हैं।

निगम हाउस की नई इमारत का मामला इसलिए भी काफी चर्चा में है कि निगम परिसर में काफी खाली जगह पड़ी हुई हैं। फायर ब्रिगेड को शिफ्ट करने की भी तैयारी कर ली गई है। निगम परिसर में खाली पड़ी जगह के कारण ही वहां पर कम्युनिटी सेंटर की बिल्डिंग भी बनाई जा रही है। पहले यह इमारत गोधेवाला छप्पड़ स्टेडियम में बनाई जानी प्रस्तावित थी। निगम परिसर में तमाम जगह होने के बावजूद बोटेनिकल गार्डन को उजाड़ कर उसी जगह पर नई इमारत खड़ी करने का प्रयास चर्चा में बना हुआ है। कांग्रेस नेता पाप करने पर तुले हुए हैं : पार्षद

इस संबंध में पार्षद मनजीत सिंह धम्मू ने कहा कि जिस स्थान पर इमारत का निर्माण किया जा रहा है, वहां लगे 85 पेड़ 50-60 वर्ष से लगे हुए हैं। कांग्रेस के राज में नेताओं ने या तो पेड़ लगाए नहीं हैं अगर लगाए तो उनकी देखभाल नहीं की। उनका कहना था कि अगर निगम या कांग्रेस नेताओं को इमारत का निर्माण करवाना है तो निगम परिसर में सेवा केंद्र तथा बैंक के सामने जहां कूड़ा पिट बनाई हुई है, उस स्थान पर इमारत बना सकते हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने पहले नशा खत्म करने के लिए गुटका साहिब की शपथ उठाई थी वह पूरी न करके पाप किया है। वही अब वर्षों से लगे हुए पेड़ों को काटने का पाप किया जा रहा है। अगर कांग्रेस नेताओं को इमारतें बनाने का शौकहै तो सरकार से फंड लेकर आए न कि निगम से फंड का प्रयोग किया जाए। अगर निगम अधिकारियों या वन विभाग ने पेड़ों को काटा तो वह वन विभाग के खिलाफ रोष व्यक्त करते हुए कानूनी लड़ाई लड़ेंगे। इसके लिए शिरोमणि अकाली दल की पूरी जिला टीम एकजुट हो चुकी है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.
You have used all of your free pageviews.
Please subscribe to access more content.
Dismiss
Please register to access this content.
To continue viewing the content you love, please sign in or create a new account
Dismiss
You must subscribe to access this content.
To continue viewing the content you love, please choose one of our subscriptions today.