सूफी संत मियां अब्दुल वहीद सुभानी की इमारत से मिला था लुधियाना के सुभानी बिल्डिंग चौक को नाम

ख्वाजा मोहम्मद ने सरकारी रिकार्ड में भी इस चौक को सुभानी बिल्डिंग चौक का नाम दे दिया था।

अंग्रेजों के शासनकाल में 1919 में सूफी संत मियां अब्दुल वहीद सुभानी ने शहर में एक अनूठी बिल्डिंग का निर्माण करवाया। इस बिल्डिंग के निर्माण में सूफी संत सुभानी की मदद लुधियाना के तत्कालिक मेयर ख्वाजा मोहम्मद यूसूफ ने की थी।

Publish Date:Thu, 21 Jan 2021 01:36 PM (IST) Author: Rohit Kumar

लुधियाना, राजेश भट्ट। इमारत बनाने की तकनीक अंग्रजों के जमाने में भी अनूठी रही है। लुधियाना में ऐसी इमारतें हैं जोकि अंग्रेजों की इमारत निर्माण कला की दक्षता को दर्शाती हैं। अंग्रेजों के शासनकाल में 1919 में सूफी संत मियां अब्दुल वहीद सुभानी ने शहर में एक अनूठी बिल्डिंग का निर्माण करवाया। इस बिल्डिंग के निर्माण में सूफी संत सुभानी की मदद लुधियाना के तत्कालिक मेयर ख्वाजा मोहम्मद यूसूफ ने की थी।

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ख्वाजा मोहम्मद ने अंग्रेज आर्किटेक्ट से इस इमारत का नक्शा तैयार करवाया था। बिल्डिंग तैयार हुई तो वह तब लुधियाना की सबसे बेहतरीन बिल्डिंगों में से एक थी। जिसे मेयर ने सुभानी बिल्डिंग का नाम दे दिया था। यही नहीं सूफ संत मिया अब्दुल वहीद सुभानी की इस बिल्डिंग से चौक को भी सुभानी बिल्डिंग का नाम दे दिया गया।

ख्वाजा मोहम्मद ने सरकारी रिकार्ड में भी इस चौक को सुभानी बिल्डिंग चौक का नाम दे दिया था। अब इस चौक में सुभानी बिल्डिंग का नामोनिशान तक नहीं है लेकिन उसके बावजूद चौक का नाम सुभानी बिल्डिंग चौक ही है। करीब 20 साल पहले इस बिल्डिंग को तोड़कर यहां पर होटल का निर्माण कर दिया गया है। बता दें कि इस बिल्डिंग की खिड़कियों से चौक पर मिलने वाली पांचों सड़कों पर दूर दूर तक नजर जाती थी।

यह पांच सड़कें मिलती हैं इस चौक में

शाहपुर रोड, रेलवे स्टेशन रोड, ब्राउन रोड, मोचपुरा बाजार रोड, डिवीजन नंबर तीन की तरफ जाने वाली रोड।

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