Ram Mandir Ayodhya Donation: पंजाब में छह मार्च तक होगा राम मंदिर के लिए धन संग्रह

श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए लोग योगदान देने में जुटे हैं।

Ram Mandir Ayodhya Donation श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए लोग योगदान देने में जुटे हैं। धन संग्रह टोलियां घर-घर जाकर लोगों से राम मंदिर के लिए सहयोग राशि ले रहे हैं। लोग लगातार धन संग्रह टोलियों से संपर्क साध रहे हैं।

Rohit KumarThu, 25 Feb 2021 09:31 AM (IST)

लुधियाना, जेएनएन। श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए लोग योगदान देने में जुटे हैं। धन संग्रह टोलियां घर-घर जाकर लोगों से राम मंदिर के लिए सहयोग राशि ले रहे हैं। सूबे में अभी ऐसे कई परिवार हैं, जो मंदिर के लिए अपना योगदान देना चाहते हैं और अभी तक धन संग्रह टोलियां उन तक नहीं पहुंच पाई। लोग लगातार धन संग्रह टोलियों से संपर्क साध रहे हैं। इसके बाद धन संग्रह टोलियों के आग्रह पर प्रांतीय संगठन ने फैसला किया है कि पंजाब में विश्व हिंदू परिषद की धन संग्रह टोलियां छह मार्च तक धन संग्रह करेंगी। पहले 27 फरवरी को धन संग्रह कार्यक्रम को बंद करने की तिथि तय की गई थी। धन संग्रह मुहिम के तहत प्रदेश में अब तक करीब 27 करोड़ रुपये की राशि एकत्रित हो चुकी है।

धन संग्रह मुहिम के पंजाब प्रमुख राम गोपाल ने बताया कि एक फरवरी से पूरे प्रदेश में धन संग्रह मुहिम के तहत घर-घर जाकर टोलियों ने धन एकत्रित किया। इससे पहले लोगों को जागरूक करने के लिए जागरूकता अभियान चलाया गया, जिसमें प्रभातफेरियों व संध्याफेरियों का आयोजन किया गया। उन्होंने बताया कि जागरूकता अभियान के दौरान भी लोगों ने दिल खोलकर राम मंदिर के लिए अपना योगदान दिया। जागरूकता अभियान के दौरान ही 10 करोड़ से ज्यादा की राशि एकत्रित कर लगी गई थी। उसके बाद फरवरी में यह अभियान तेजी से चलाया गया।

राम गोपाल ने बताया कि धन संग्रह का मकसद पहले से ही साफ है कि राम मंदिर के लिए लोगों को भावनात्मक तौर पर जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि लोगों अब भी टोलियों से लगातार संपर्क साध रहे हैं। इसलिए प्रांतीय संगठन ने फैसला किया कि इसे छह मार्च तक बढ़ाया जाए। उन्होंने अब टोलियां फिर से मिशन के तौर पर इस काम में जुट जाएंगी।

रसीद को सिर्फ कागज का टुकड़ा न समझें, यह राम के प्रति आस्था का है सुबूत

राम गोपाल ने कहा कि सहयोग राशि देने वालों को रसीद उपलब्ध करवाई जा रही है ताकि पारदर्शिता बनी रहे। उन्होंने कहा कि लोग इस रसीद को कागज का टुकड़ा न समङों, बल्कि यह उनकी श्रीराम के प्रति आस्था का सबूत है। उन्होंने कहा कि रसीद पर राशि कितनी लिखी गई है यह कहीं से भी मायने नहीं रखता है। आपके पास रसीद है यह बात ज्यादा मायने रखती है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.