551वें प्रकाशोत्सव को समर्पित सजाया नगर कीर्तन निर्मल कुटिया सुल्तानपुर लोधी पहुंचा

551वें प्रकाशोत्सव को समर्पित सजाया नगर कीर्तन निर्मल कुटिया सुल्तानपुर लोधी पहुंचा

सिख धर्म के प्रवर्तक पहली पातशाही साहिब श्री गुरु नानक देव जी के 551वें प्रकाश पर्व को समर्पित नगर कीर्तन निकाला गया।

Publish Date:Thu, 26 Nov 2020 08:31 PM (IST) Author: Jagran

डा. सुनील धीर, सुल्तानपुर लोधी : सिख धर्म के प्रवर्तक पहली पातशाही साहिब श्री गुरु नानक देव जी के 551वें प्रकाश पर्व को समर्पित नगर कीर्तन निकाला गया। यह नगर कीर्तन गांव सीचेवाल से चल कर गांव माला, सोहल खालसा, तलवंडी माधो, अहमदपुर छन्ना, शेरपुर दोना, मन्याला, तोती, नसीरेवाल, मुहब्बलीपुर, फौजी कालोनी और गुरुद्वारा श्री संतघाट साहब से पवित्र काली वेईं से होता हुआ निर्मल कुटिया सुल्तानपुर लोधी पहुंचा। यहां पर नगर कीर्तन का संगत ने पुष्प वर्षा के साथ स्वागत किया।

पांच प्यारों की छत्रछाया में सजाए गए नगर कीर्तन का नेतृत्व पर्यावरण प्रेमी संत बलबीर सिंह सीचेवाल ने किया। संगत ने नगर कीर्तन के दौरान संत सीचेवाल के साथ-साथ चलते हुए जो बोले सो निहाल, सत नाम वाहेगुरु का जाप करते हुए रूहानी गुरुवाणी गायन करते हुए मार्ग तय किया। रास्ते में गांव के लोगों ने पुष्प वर्षा कर नगर कीर्तन का भव्य स्वागत किया। इस दौरान गांवों में संगत के लिए लंगर लगाए गए।

नगर कीर्तन के दौरान बहुत ही सुंदर फूलों से सुसज्जित पालकी साहिब में श्री गुरू ग्रंथ साहिब को बिराजमान किया गया था। पालकी साहिब के पीछे पीछे संगत शब्द गायन करते हुए जा रही थी। निर्मल कुटिया सीचेवाल सुल्तानपुर लोधी पहुंचने पर सुल्तानपुर लोधी क्षेत्र के लोगों ने नगर कीर्तन का भव्य स्वागत किया।

उधर, इस पावन मौके पर नगर कीर्तन के गंतव्य स्थल गुरु नानक देव जी की यादों से जुड़ी पावन वेईं नदी को अनुपम छवि प्रदान की गई थी। नगर कीर्तन में संत सुखजीत सिंह सीचेवाल, संत लीडर सिंह, सुरजीत सिंह शंटी, गुरविंदर सिंह बोपाराय, फौजी गुरदेव सिंह, गुरुद्वारा टाहली साहिब के जत्थेदार समेत बडी संख्या में संगत ने शिरकत की।

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