होर्डिग्स घोटाला : जांच कमेटी दो या तीन दिन में सौंप सकती है रिपोर्ट

होर्डिग्स घोटाला : जांच कमेटी दो या तीन दिन में सौंप सकती है रिपोर्ट

होर्डिग्स घोटाले में कौन कौन शामिल हैं मिलीभगत करने वालों पर क्या कार्रवाई होगी इसे लेकर अब सभी की नजर जांच कमेटी की रिपोर्ट पर टिकी है। नगर निगम के कमिश्नर अमित पांचाल ने आश्वासन दिया है कि आरोपितों को बख्शा नहीं जाएगा और जैसे ही कमेटी की रिपोर्ट मिलती है तो तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

JagranSun, 16 May 2021 07:34 PM (IST)

जागरण संवाददाता, होशियारपुर : होर्डिग्स घोटाले में कौन कौन शामिल हैं, मिलीभगत करने वालों पर क्या कार्रवाई होगी इसे लेकर अब सभी की नजर जांच कमेटी की रिपोर्ट पर टिकी है। नगर निगम के कमिश्नर अमित पांचाल ने आश्वासन दिया है कि आरोपितों को बख्शा नहीं जाएगा और जैसे ही कमेटी की रिपोर्ट मिलती है तो तुरंत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि जांच कमेटी के संपर्क में हैं और कमेटी ने दो व तीन दिन का समय मांगा है। इसके साथ ही कमेटी ने घोटाले की कंप्लीट रिपोर्ट सौंपने की बात कही है। उन्होंने बताया कि जल्द ही होर्डिग्स को लेकर टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। इस मामले से एक बात तो साफ है कि जो भी आरोपित पाया गया उसके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। दैनिक जागरण ने इस घोटाले को उजागर किया था। इसमें बताया था कि कैसे निगम के अधिकारियों की मिलीभगत से चहेतों को सभी मुख्य साइटें औने पौने दाम में सौंप दी। इससे निगम को अब तक लाखों रुपये का चूना लग चुका है। कैबिनेट मंत्री सुंदर शाम अरोड़ा ने इसका कड़ा संज्ञान लेते हुए जहां जांच की बात कही थी वहीं कमिश्नर अमित पांचाल ने मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया था। उन्होंने इसके साथ ही चार सदस्यीय जांच कमेटी का गठन करते हुए जल्द रिपोर्ट देने के लिए कहा था। कमेटी में दो एक्सईएन, एक अकाउंटेंट और डीसीएफए शामिल किए गए हैं।

अब तक के सारे रिकार्ड खंगाले जा रहे

जांच कमेटी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सुपरिटेंडेंट अमित कुमार से सारा रिकार्ड अपने कब्जे में ले लिया है। कमेटी सारे रिकार्डों की गहनता से जांच कर रही है ताकि जो भी कमी और जिसकी भी मिलीभगत पाई गई उसके खिलाफ बनती कार्रवाई हो सके। कमेटी द्वारा रिकार्ड अपने कब्जे में लेने के बाद निगम में कई अधिकारियों की नींद उड़ चुकी है क्योंकि अब मिलीभगत करने वालों पर कार्रवाई तय है।

गड़बड़ी के मिलने लगे सुबूत

शुरुआती जांच में कमेटी के हाथ कुछ पुख्ता सुबूत मिले हैं जिसमें गड़बड़ी साफ झलकती है। इसमें बड़ी चतुराई से एक शख्स को ही दो दर्जन के करीब मालदार साइटें औने पौने दाम में थमा दी गईं और उन्हीं साइटों को आगे महंगे दाम पर दे दिया गया। आठ माह में जब से ठेका समाप्त है तब से चंद हजार रुपये ही निगम के खातों में दिखाकर लाखों रुपये का गोलमाल किया गया। नगर निगम कमिश्नर ने साफ कर दिया है कि कोई भी व्यक्ति निगम की साइटें आगे नहीं दे सकता। अब देखना यह है कि जांच रिपोर्ट के बाद मिलीभगत करने वालों पर क्या कार्रवाई होती है। उन्होंने कहा कि वैसे दो तीन दिन में टेंडर लगने की उम्मीद है। अगर निकट भविष्य में ऐसी स्थिति सामने आती है और होर्डिंग अलाट करने की जरूरत पड़े तो गठित कमेटी ही अलाटमेंट करेगी ताकि आगे से कोई गड़बड़ी की आशंका ही न रहे। अलाटमेंट में फिर भी कोई कमी पाई जाती है तो जिम्मेदारी कमेटी की होगी।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.