बारिश ने मचाया कहर, फसलों का हो रहा भारी नुकसान

जागरण टीम, गुरदासपुर, काहनूवान : फरवरी माह के शुरू से हो रही बारिश अभी रुकने का नाम नहीं ले रही है। नीचले क्षेत्र के खेतों में भरे बारिश के पानी से फसलों का भारी नुकसान हो रहा है। कुछ दिन की राहत के बाद बुधवार की रात और वीरवार की दोपहर तक हुई बारिश से फसलों में थोड़े कम हुए पानी का स्तर फिर से चढ़ गया है। इसके चलते किसानों की ¨चताएं बढ़ती जा रही है। मौसम विभाग की ओर से अभी एक मार्च तक बारिश होने की चेतावनी दी जा रही है।

गौरतलब है कि फरवरी माह के पहले सप्ताह को पड़ी मूसलाधार बारिश के कारण काहनूवान के छंब और जिले के सभी निचले स्तर के क्षेत्रों में बारिश का पानी भर गया है। इससे फसलों को भारी नुकसान पहुंच रहा है। छंब क्षेत्र में भारी बारिश के कारण गेहूं व गन्ने के साथ-साथ हरा चारा भी तकरीबन पूरी तरह से बबरद हो चुका है। गन्ने व सरसों के अलावा हरे चारे को भी भारी नुक्सान पहुंचा है। बुधवार की रात और वीरवार सुबह से दोपहर तक हुई बारिश ने किसानों की ¨चताए और भी बढ़ा दी हैं।

किसान अवतार ¨सह, तारू ¨सह, हर¨वदर ¨सह, गुरदीप ¨सह व जसबीर ¨सह ने कहा कि पहले ही उनकी गेहूं की फसल बबरद हो चुकी है। अब फिर से बारिश होने के कारण हरे चारे और सरसो की फसलों को भी भारी नुकसान पहुंचा है। इसके चलते किसानों के लिए हरे चारे की किल्लत भी बड़ी समस्या बन गया है। किसान बल¨जदर ¨सह चीमा, गुरप्रताप ¨सह, सुख¨वदर ¨सह, लख¨वदर ¨सह लाडी, सुखदेव ¨सह ने कहा कि अब तो गन्ने की फसल काटने और खेत से बाहर निकालने का रास्ता नहीं बचा है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार की ओर से अभी तक खराब हुई फसलों के लिए कोई राहत पैकेज घोषित नहीं किया गया है। उनके नुक्सान हुए रकबे की कोई गिरदावरी नहीं हो सकी। उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की है कि मौसम की मार झेल रहे किसानों के लिए राहत भरा फैसला लिया जाए। इसके साथ ही बारिश के कारण बेट क्षेत्र की सड़कों की हालत भी खस्ता होती जा रही है। बारिश के बाद गुरदासपुर का अधिक्तर ताममान 19 डिग्री और न्यूतम 11 डिग्री तक पहुंच गया है। फसलों का हुआ है नुक्सान

कृषि विभाग के अधिकारी डाक्टर अमरीक ¨सह ने बताया कि गेहूं की फसल में लगातार पानी खड़ा रहने से नुक्सान तो पहुंचा है। बेट क्षेत्र के निचले स्तर के खेतों में लगातार पानी खड़ा है। जिससे फसल को नुक्सान पहुंचा है, लेकिन फिलहाल अभी पूरे नुक्सान का अनुमान नहीं लगाया जा सकता। कोट्स

नुकसान देख मुआवजा तय होगा : डीसी

मामले संबंधी डीसी गुरदासपुर विपुल उज्जवल से बात करने पर उन्होंने कहा कि सरकारी नियमों के मुताबिक बारिश के बंद होने के दस दिन बाद ही किसी गिरदावरी का काम शुरू होता है। लेकिन अभी तक बारिश लगातार चल रही है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार के निर्देशों के तहत गिरदावरी का काम चलेगा। जब उन्हें पूछा गया कि किसानों को कितना मुआवजा मिलेगा तो उन्हें कहा कि पंजाब सरकार नुकसान देखकर तय करेगी। उन्होंने कहा कि किसानों को ¨चता करने की जरूरत नहीं है, पंजाब सरकार किसानोंके हुए नुक्सान का अंदाजा लगाकर जरूरत आर्थिक राहत देगी।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.