हड़ताल के चलते पटरी से उतरी व्यवस्था, लोग परेशान

मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी तबड़तोड़ फैसले लेकर 2022 में चुनाव जीतने की तैयारी कर रहे हैं।

JagranPublish:Thu, 09 Dec 2021 04:06 PM (IST) Updated:Thu, 09 Dec 2021 04:06 PM (IST)
हड़ताल के चलते पटरी से उतरी व्यवस्था, लोग परेशान
हड़ताल के चलते पटरी से उतरी व्यवस्था, लोग परेशान

प्रदीप कुमार सिंह, फरीदकोट

मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी तबड़तोड़ फैसले लेकर 2022 में भी कांग्रेस सरकार बनाने के लिए जी-तोड़ मेहनत कर रहे है, परंतु उनके इन फैसलों से उनके अपने सरकारी विभागों के कर्मचारी कितने खुश है, इसकी जमीनी हकीकत बिल्कुल उलट है। आलम यह है कि प्रदेश सरकार का शायद ही कोई महकमा हो, जहां के लोग अपनी लंबित मांगों को लेकर दफ्तरों का कामकाज ठप कर हड़ताल पर न हो। हड़ताल से लोगों का सरकारी दफ्तरों में काम नहीं हो रहा है, लोग हताश और निराश हें। उनकी सुनवाई शासन-प्रशासन कहीं नहीं हो रही है, आशंका जताई जा रही है कि जब तक विधानसभा चुनाव हेतु आचार संहिता लागू नहीं होती है तब तक हालात किसी भी प्रकार से सुधरने वाले नहीं है।

वीरवार को फरीदकोट सिविल अस्पताल में अपनी मांगों को लेकर नर्सिंग स्टाफ, एनएचएम स्टाफ ओट सेंटर व अन्य विभागों के कर्मियों द्वारा अलग-अलग हड़ताल, गेट रैली व रोष-प्रदर्शन किया गया, जिससे अस्पताल आने वाले मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। नर्सिंग स्टाफ के हड़ताल पर होने से अस्पताल के इमरजेंसी को छोड़कर दूसरे वार्डो में मरीजों को दाखिल ही नहीं किया जा रहा है। ओट सेंटर के बहर लंबी-लंबी नशा पीड़ितों की लाइनें लग रही है। पांच मिनट के काम के लिए लोगों को घंटों-घंटों लाइन में खड़ा होना पड़ रहा है।

कुछ इसी तरह से रोडवेज और पीआरटीसी के कच्चे मुलाजिम रेगुलर किए जाने की मांग को लेकर पिछले चार दिनों से काम ठप किए है, सरकारी बसें कम संख्या में चल रही है। निजी बस संचालकों की चांदी तो है, परंतु वह महिला यात्री बेहद परेशान है जो कि सरकारी बसों में आधारकार्ड दिखाकर निशुल्क यात्रा कर रही थी।

ऐसा भी नहीं है कि प्रदेश सरकार इन हड़ताली लोगों पर सख्ती नहीं दिखा रही है। पीआरटीसी मैनेजमेंट द्वारा काम पर न लौटने वाले कर्मियों को निकाल कर उनकी जगह दूसरे कर्मियों के भर्ती किए जाने का नोटिस चस्पा किया है तो सेहत विभाग ने भी नर्सिंग स्टाफ को काम पर लौटने की चेतावने देते हुए सभी हड़ताली कर्मियों की जानकारी विभाग से मांग ली है। अब यह देखने वाली बात होगी कि प्रदेश सरकार वर्तमान माहौल से कैसे बाहर निकलती है, और लोगों को सुविधाएं व सेवाएं मुहैया करवाती है।