आठवीं तक ही रह जाएंगे 2211 एसोसिएट स्कूल, 5 लाख विद्यार्थी होंगे प्रभावित

-आगामी सत्र से 9वीं से 12वीं तक विद्यार्थियों को दाखिला नहीं दे सकेंगे संचालक

-पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड ने एसोसिएशन खत्म करने का किया फैसला

-करीब 30 हजार शिक्षकों पर पड़ेगा असर, फैसले का विरोध शुरू

---

जागरण संवाददाता, लुधियाना : राज्य में एसोसिएट स्कूलों के भविष्य पर एक बार फिर तलवार लटक गई है। बोर्ड ने अगले शिक्षा सत्र के लिए एसोसिएशन सिस्टम खत्म करने का एलान कर दिया है। इस फैसले से राज्यभर में 2211 एसोसिएट स्कूलों को के करीब

5 लाख विद्यार्थी और 30 हजार से अधिक शिक्षक प्रभावित होंगे। बोर्ड ने इस फैसले की सूचना पंजाब सरकार व स्कूल संचालकों को भेज दी है। उधर, बोर्ड के इस फैसले से स्कूल संचालकों में भारी रोष है। वह जल्द ही शिक्षा मंत्री व मुख्यमंत्री से मिलने जाएंगे।

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड ने कैबिनेट की सब कमेटी की सिफारिशों का हवाला देकर मंगलवार को पत्र जारी किया है कि आगामी शिक्षा सत्र के लिए कंटीन्यूशन परफॉर्मा जारी नहीं किया जाएगा। इसका सीधा सा अर्थ है कि अगले शिक्षा सत्र से एसोसिएशन को खत्म कर दिया गया है। इस फैसले के बाद एसोसिएट स्कूल संचालक आगामी शिक्षा सत्र से 9वीं से 12वीं कक्षा तक विद्यार्थियों को दाखिला नहीं दे सकेंगे। एसोसिएट ब्रांच की इंचार्ज असिस्टेंट सेक्रेटरी सविता ने बताया कि कैबिनेट की सब कमेटी ने यह सिफारिश की थी। इसके बाद बोर्ड ने यह फैसला लिया है। उन्होंने बताया कि इसकी सूचना सरकार व स्कूल संचालकों को दे दी गई है। स्कूल संचालकों में रोष, बोले-फैसला स्वीकार नहीं

ज्वाइंट एक्शन स्कूल फ्रंट पंजाब के महासचिव लखवीर सिंह ने बताया कि बोर्ड का यह फैसला स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन बोर्ड ने पहली बार नहीं दी थी। उन्होंने कहा कि 2011 में शिक्षा विभाग, बोर्ड और स्कूल प्रबंधकों की एक कमेटी बनी थी। उसने एसोसिएट स्कूलों के नियम तय किए थे, जिन्हें बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने भी अप्रूव कर लिया था। उसके बाद फिर बोर्ड ने 200 गज से कम वाले स्कूलों को बंद करने का फैसला किया तो स्कूल संचालकों ने इस शर्त को भी मान लिया। अब बोर्ड ने स्कूल संचालकों से बात किए बिना ही फरमान जारी कर दिया। उन्होंने बताया कि वह इस मामले में शिक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री को भी मिलेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार बताए कि यह फैसला क्यों लिया गया है? सरकार रोजगार छीन रही: तेजपाल सिंह

पंजाब प्राइवेट स्कूल ऑर्गेनाइजेशन में सेक्रेटरी जनरल तेजपाल सिंह ने कहा कि एसोसिएट स्कूलों के रिजल्ट एफिलिएटेड स्कूलों से बेहतर हैं। यह स्कूल सरकार से किसी तरह का अनुदान नहीं लेते और अपने बलबूते स्कूल चला रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनके स्कूलों में 5 लाख से ज्यादा बच्चे और 30 हजार से ज्यादा शिक्षक हैं। सरकार इतने लोगों से रोजगार छीनने की बात कर रही है। एफिलिएशन की शर्ते पूरी करनी होंगी

पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड ने एसोसिएट स्कूलों को पहले कहा था कि वह एफिलिएशन की शर्ते पूरी करें। पर स्कूल संचालकों के लिए एफिलिएशन की शर्ते पूरी करना संभव नहीं है, क्योंकि एफिलिएशन के लिए जगह की शर्त पूरी करना किसी भी एसोसिएट स्कूल के लिए संभव नहीं है। तेजपाल सिंह का कहना है कि जगह के अलावा एसोसिएट स्कूल सभी शर्ते पूरी करते हैं। सबके पास लाइब्रेरी, लैब व अन्य सुविधाएं हैं।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.