खुद की बेटी नहीं, इसलिए पांच गरीब बेटियों की शादी करवाने का लिया संकल्प

खुद की बेटी नहीं, इसलिए पांच गरीब बेटियों की शादी करवाने का लिया संकल्प
Publish Date:Mon, 25 May 2020 12:31 PM (IST) Author: Pankaj Dwivedi

कुराली [चेतन भगत]। देश में आज भी कई हिस्सों में रूढ़िवादी सोच के चलते घर में बेटी के पैदा होने पर खुशियां नहीं मनाई जाती। वहीं इस कुंठित सोच से परे समाज में कई लोग बेटी की चाहत का अरमान संजोए हुए हैं पर कुदरत ने उन्हें बेटी की नियामत नहीं बक्शी। ऐसी ही मिसाल है निकटवर्ती गांव भागोवाल निवासी अजमेर सिंह जिनका अपनी बेटी का अरमान पूरा नहीं हो सका तो उन्होंने गरीब घरों की पांच बेटियों की शादी करवाने का संकल्प लिया। वह अब तक तीन बेटियों की शादी भी करवा चुके हैं।

नगर काउंसिल कुराली में बतौर वाटर विंग इंचार्ज तैनात अजमेर सिंह ने बताया कि उनकी चाहत थी कि उनके घर एक बेटी का जन्म हो, पर वाहेगुरु ने उन्हें दो बेटे दिए। अपनी इसी तमन्ना को पूरा करने के मकसद से उन्होंने वर्ष 2013 में पांच गरीब घर की बेटियों की शादी का संकल्प लिया।

अपने घर के आंगन से करते हैं डोली को विदा

पांच गरीब बेटियों का विवाह करवाने की कड़ी में अजमेर सिंह ने रविवार को कुराली के कम्युनिटी सेंटर में फिजिकल डिस्टेंसिंग के नियमों का पालन करते हुए तीसरी कन्या के विवाह का आयोजन किया। पिंजौर (हरियाणा) से पहुंची 15 से 20 लोगों की बारात के लिए लजीज व्यंजनों का प्रबंध किया गया। उन्होंने नए जोड़े को रोजाना जरूरत का सामान, कन्या को चांदी की कुछ ज्वेलरी सहित श्रृंगार का सामान भेंट किया। वहीं, लड़की की डोली को उन्होंने अपने घर के आंगन से विदा किया। 

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