लोकसभा में जावडेकर बोले; कोई भारतीय अध्ययन नहीं बताता, प्रदूषण से कम होती है जिंदगी

नई दिल्ली, प्रेट्र। भारत में किए गए अध्ययनों में से किसी में भी यह बात सामने नहीं आई है कि प्रदूषण और कम होते जीवनकाल में कोई संबंध है। केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर ने शुक्रवार को लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान ये बातें कहीं।

प्रदूषण के कारण जीवन प्रत्याशा कम होने संबंधी एक सवाल के जवाब में पर्यावरण, वन व जलवायु परिवर्तन मंत्री जावडेकर ने कहा, 'हमें लोगों के बीच डर की मनोवृत्ति नहीं पैदा करनी चाहिए।' उन्होंने कहा कि प्रदूषण को कम करने के लिए सरकार की तरफ से कदम उठाए जा रहे हैं। इसके सकारात्मक नतीजे भी सामने आ रहे हैं। हालांकि, अभी तक किसी भी भारतीय अध्ययन में ये बातें सामने नहीं आई हैं कि प्रदूषण और जीवन प्रत्याशा कम होने में कोई संबंध है।

एनसीएपी के तहत 102 शहरों का हुआ चयन

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने देशभर में राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) की शुरुआत की है। विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट के आधार पर एनसीएपी के तहत 102 ऐसे शहरों का चयन किया गया है, जहां वायु की गुणवत्ता ठीक नहीं है। इन शहरों की जरूरत के अनुरूप अलग-अलग विशेष कार्यक्रम तैयार और अनुमोदित किए जा चुके हैं।

एक अन्य सवाल के लिखित जवाब में मंत्री ने बताया कि पिछले तीन वित्तीय वर्षो में पर्यावरण संरक्षण के लिए 11,254 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं। इनमें 8,562.73 करोड़ रुपये कॉम्पेनसेट्री अफोर्सेटैशन फंड मैनेजमेंट एंड प्लानिंग अथॉरिटी (कैंपा) के माध्यम से जारी हुए हैं।

1952 से 2020 तक इन राज्यों के विधानसभा चुनाव की हर जानकारी के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.