सीमांचल बने सुंदरगढ़ जिले के प्रथम प्लाज्मा दानकर्ता

सीमांचल बने सुंदरगढ़ जिले के प्रथम प्लाज्मा दानकर्ता

सेल राउरकेला इस्पात संयत्र (आरएसपी) के न्यू प्लेट मिल में उप प्रबंधक के रूप में कार्यरत सीमांचल गौड़ सुंदरगढ़ जिले के पहले व्यक्ति बने जिन्होंने कोविड रोगियों के इलाज के लिए प्लाज्मा दान किया।

Publish Date:Tue, 04 Aug 2020 11:54 PM (IST) Author: Jagran

जागरण संवाददाता, राउरकेला : सेल, राउरकेला इस्पात संयत्र (आरएसपी) के न्यू प्लेट मिल में उप प्रबंधक के रूप में कार्यरत सीमांचल गौड़ सुंदरगढ़ जिले के पहले व्यक्ति बने जिन्होंने कोविड रोगियों के इलाज के लिए प्लाज्मा दान किया। इस्पात संयंत्र के इस युवा अधिकारी ने इस्पात जनरल अस्पताल में मुख्यमंत्री द्वारा प्लाज्मा बैंक के उद्घाटन के दिन प्लाज्मा दान किया। यह सुविधा विशेष रूप से ओडिशा सरकार के सहयोग से मुहैया की गई है। गौड़ कुछ दिन पहले ही कोविड-19 से स्वस्थ हुए हैं।

सेक्टर-16 क्षेत्र निवासी गौड़ को कोविड पॉजिटिव बताया गया, जो स्पर्शोन्मुख था। उन्होंने यह जानने के बाद कि कोविड से ठीक हुए रोगियों के एंटीबॉडी अन्य महत्वपूर्ण रोगियों को ठीक करने में मदद कर सकते हैं, उन्होंने अपने प्लाज्मा दान करने की रुचि दिखलाई। प्लाज्मा दान करने की अनुमति मिलने से पहले आइजीएच ब्लड बैंक में कड़े परीक्षण किए गए। उन्होंने कहा, कोरोना से लड़ रहे कुछ अन्य रोगियों के जीवन को बचाना कुछ कठिन कार्य नहीं है। मैं दूसरों से भी आग्रह करना चाहूंगा जिन्होंने बीमारी के खिलाफ एंटीबॉडी विकसित किए हैं ताकि वे आगे आकर दूसरों के जीवन बचाने के लिए प्लाज्मा दान करें। विशेष रूप से प्लाज्मा थेरेपी कोविड रोगियों के उपचार के लिए उपयोग किया जा रहा नवीनतम प्रभावी चिकित्सा हस्तक्षेप है। जब रक्त के सेलुलर घटकों जैसे आरबीसी, डब्ल्यूबीसी और प्लेटलेटस को हटा दिया जाता है, तो शेष भाग को प्लाज्मा कहा जाता है। इसमें कई संक्रामक रोगों के एंटीबॉडी हैं।

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