सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम ने की गौहाटी हाई कोर्ट के तीन अतिरिक्त जजों को स्थायी करने की सिफारिश

गौहाटी हाई कोर्ट के तीन अतिरिक्त न्यायाधीशों को स्थायी करने की सिफारिश।

सुप्रीम कोर्ट के प्रधान न्यायाधीश बोबडे की अध्यक्षता वाले कोलेजियम ने गौहाटी हाई कोर्ट के तीन अतिरिक्त न्यायाधीशों को स्थायी न्यायाधीश के तौर पर नियुक्त करने के प्रस्ताव को 15 अक्टूबर को मंजूरी दी थी। जस्टिस मेधी जस्टिस तागिया 2018 में और जस्टिस चौधरी 2019 में जज बने थे

Publish Date:Fri, 23 Oct 2020 06:57 PM (IST) Author: Bhupendra Singh

नई दिल्ली, प्रेट्र। सुप्रीम कोर्ट के कोलेजियम ने गौहाटी हाई कोर्ट के तीन अतिरिक्त न्यायाधीशों को स्थायी न्यायाधीश के तौर पर नियुक्त करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। प्रधान न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाले कोलेजियम ने पिछले दिनों अतिरिक्त न्यायाधीश जस्टिस एस. संजय कुमार मेधी और जस्टिस नानी तागिया को गौहाटी हाई कोर्ट में ही स्थायी न्यायाधीश नियुक्त करने के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी।

सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम ने 15 अक्टूबर को दी थी मंजूरी

कोलेजियम ने 15 अक्टूबर को अतिरिक्त न्यायाधीश जस्टिस मनीष चौधरी को स्थायी न्यायाधीश नियुक्त करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी थी। सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर यह जानकारी दी गई है।

गौहाटी हाई कोर्ट में जस्टिस मेधी, जस्टिस तागिया 2018 में और जस्टिस चौधरी 2019 में जज बने थे

जस्टिस मेधी और जस्टिस तागिया 19 नवंबर, 2018 को गौहाटी हाई कोर्ट के अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किए गए थे जबकि जस्टिस चौधरी को 18 जनवरी, 2019 को अतिरिक्त न्यायाधीश नियुक्त किया गया था।

सीजेआई बोबडे की कोलेजियम में हैं जस्टिस रमना, जस्टिस नरीमन, जस्टिस ललित, जस्टिस खानविलकर 

प्रधान न्यायाधीश एसए बोबडे की अध्यक्षता वाले कोलेजियम के अन्य सदस्यों में जस्टिस एनवी रमना, जस्टिस आरएफ नरीमन, जस्टिस उदय यू ललित और जस्टिस एएम खानविलकर शामिल हैं। 

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