Lockdown in India: 16 राज्यों में तेजी से बढ़ रहा संक्रमण, भोपाल में पूर्ण लॉकडाउन; जानें- अन्य राज्यों का हाल

मप्र की राजधानी भोपाल में पूर्ण लॉकडाउन (फाइल फोटो)

महामारी के गंभीर होते हालात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि कभी अमेरिका और ब्राजील में रोज भारत से ज्यादा नए केस मिल रहे थे और आज इन दोनों देशों में रोज जितने मामले मिल रहे हैं उनसे ज्यादा अकेले भारत में सामने आ रहे हैं।

Sanjeev TiwariMon, 12 Apr 2021 08:08 PM (IST)

जेएनएन, नई दिल्ली। कोरोना संक्रमण के मामले में भारत की स्थिति दिन पर दिन खराब होती जा रही है। महाराष्ट्र, दिल्ली और उत्तर प्रदेश समेत देश के 16 राज्यों में संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। हाल यह है कि दुनिया का हर छठा नया संक्रमित भारत में मिल रहा है। कुल मरीजों के मामले में भी भारत ब्राजील को पीछे छोड़ते हुए दूसरे नंबर पहुंच गया है। भारत से ज्यादा संक्रमित अमेरिका में ही हैं। वहीं मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में कोरोना के मामले बढ़ता देख पूर्ण लॉकडाउन लगाने की घोषणा की गई है। भोपाल में आज शाम 9 बजे से 19 अप्रैल तक संपूर्ण लॉकडाउन लगाया जाएगा।

महामारी के गंभीर होते हालात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि कभी अमेरिका और ब्राजील में रोज भारत से ज्यादा नए केस मिल रहे थे और आज इन दोनों देशों में रोज जितने मामले मिल रहे हैं, उनसे ज्यादा अकेले भारत में सामने आ रहे हैं। अगर हम बीते 24 घंटों की बात करें तो भारत में 1,68,912 नए मामले मिले हैं, जबकि अमेरिका में इस दौरान करीब 48 हजार और ब्राजील में लगभग 38 हजार नए मरीज पाए गए थे।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक महाराष्ट्र, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, मध्य प्रदेश, गुजरात, हरियाणा, राजस्थान, पंजाब, तेलंगाना, उत्तराखंड, आंध्र प्रदेश, और बंगाल में संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इन राज्यों में बढ़ते मामलों के चलते कुल संक्रमितों की संख्या 1.35 करोड़ से अधिक हो गई है। ब्राजील में कुल संक्रमित 1.34 करोड़ हैं और अमेरिका में 3.19 करोड़।

इस दौरान कोरोना संक्रमण की वजह से 904 और लोगों की मौत भी हुई है। 18 अक्टूबर, 2020 के बाद से एक दिन में महामारी के चलते होने वाली मौतों की यह सबसे बड़ी संख्या है। इसके साथ ही मृतकों का आंकड़ा 1,70,179 पर पहुंच गया है। अब तक कुल संक्रमितों में से 1.21 करोड़ से ज्यादा मरीज ठीक भी हो चुके हैं, लेकिन मरीजों के उबरने की दर गिरकर 90 फीसद से नीचे (89.86 फीसद) आ गई है। हालांकि, अच्छी बात यह है कि मृत्युदर भी कम हो रही है और अभी यह 1.26 फीसद पर है।

मप्र में भोपाल में सहित इन शहरों में संपूर्ण लॉकडाउन

सरकार ने राजधानी भोपाल में 19 अप्रैल की सुबह 6 बजे तक के लिए कोरोना कर्फ्यू लगा दिया है। शहर में पिछले 24 घंटे में रेकॉर्ड 824 मामले मिलने के बाद यह फैसला किया गया है। कोरोना कर्फ्यू के दौरान किराना दुकानों से होम डिलीवरी हो सकेगी और सब्जी तथा दूध की दुकानें खुली रहेंगी। बैंक और पेट्रोल पंप खुले रहेंगे। रेहड़ी-ठेले से भी सब्जी-फलों की बिक्री जारी रहेगी। बता दें कि इससे पहले जिलों की क्राइसिस मैनेजमेंट ग्रुप के साथ मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की बैठक के बाद 12 शहरों में लॉकडाउन बढ़ाने का फैसला किया गया था। इनमें इंदौर, जबलपुर, उज्जैन और विदिशा भी शामिल हैं। फैसले में कहा गया है कि कोरोना संक्रमण पर नियंत्रण के लिए बड़वानी, राजगढ़, विदिशा जिलों के शहरी और ग्रामीण इलाकों में 19 अप्रैल सुबह 6 बजे तक लाॅकडाउन जारी रहेगा। इंदौर, राऊ, महू, शाजापुर और उज्जैन जिले के सभी शहरों में भी 19 अप्रैल की सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन लगाए रखने का निर्णय लिया गया है। सरकार ने जबलपुर शहर, बालाघाट, नरसिंहपुर और सिवनी जिलों में 12 अप्रैल की रात से 22 अप्रैल की सुबह 6 बजे तक लॉकडाउन का फैसला किया है। प्रदेश के कई शहरों में 7 से 10 दिनों का लॉकडाउन पहले से ही लागू है।

महाराष्ट्र में 2-3 दिन में बड़ा फैसला ले सकती है उद्धव सरकार

महाराष्ट्र में कोरोना वायरस का संक्रमण बेकाबू हो गया है। ऐसे में महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार राज्य में कोरोना संक्रमण की चेन तोड़ने के लिए लॉकडाउन लगाने जा रही है। हालांकि कब से लॉकडाउन लगेगा? इसका जिक्र सरकार की ओर से नहीं किया गया है। कोविड-19 के मामलों में तेजी से हो रही बढ़ोत्तरी के चलते महाराष्ट्र सरकार ने इस महीने राज्य बोर्ड की ओर से आयोजित होने वाली 10 वीं और 12 वीं की परीक्षाएं टालने का सोमवार को फैसला किया। राज्य में 12 वीं बोर्ड की परीक्षा 23 अप्रैल से और 10 वीं कक्षा की परीक्षा 30 अप्रैल से शुरू होने वाली थी। सरकार के इस फैसले से यह साफ हो गया है कि सरकार एक-दो दिन में लॉकडाउन लगाने की घोषणा कर सकती है। उधर, महाराष्ट्र सरकर के मंत्री असलम शेख ने सोमवार को कहा कि सरकार आने वाले 2-3 दिन में बड़ा फैसला ले सकती है। ये चेन तोड़ने के लिए एक ही रास्ता है कि सरकार लॉकडाउन जैसी स्थिति लाए। केंद्र सरकार के प्रबंधन पर सवाल उठाता हूं कि अगर महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा मामले हैं तो सबसे कम वैक्सीन क्यों दे रहे हैं।

यूपी में बेकाबू कोरोना की रफ्तार, आज भी 13 हजार पार मरीज

उत्तर प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर ने भयानक रुप अख्तियार कर लिया है। लगातार संक्रमित मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है। लखनऊ के बाद यूपी के 5 शहरों में एक्टिव कोरोना मरीजों की संख्या आधे से ज्यादा है। लखनऊ, प्रयागराज, वाराणसी, कानपुर और गोरखपुर में 50 फीसद से ज्यादा एक्टिव केस हैं। सोमवार को उत्तर प्रदेश में 13685 नए के सामने आए वहीं 72 लोगों की मौत हुई, जिसमें राजधानी लखनऊ के सबसे ज्यादा 3892 संक्रमित मरीज शामिल हैं। उत्तर प्रदेश के एक्टिव केसों की बात करें तो कुल 81 हजार 576 एक्टिव केस हैं। जिसमें से करीब 58 फीसद मरीज सिर्फ लखनऊ (23090 मरीज), प्रयागराज(9273 मरीज), वाराणसी(8021 मरीज), कानपुर (4360 मरीज)और गोरखपुर (2416 मरीज) से हैं।

एक्टिव केस 12 लाख के पार

एक्टिव केस यानी सक्रिय मामलों में लगातार 33 दिनों से बढ़ोतरी हो रही है। वर्तमान में एक्टिव केस 12 लाख हो गए हैं, जो कुल संक्रमितों का 8.88 फीसद है। कोरोना महामारी की पहली लहर में एक्टिव केस सितंबर में सबसे ज्यादा 10.17 लाख तक हुए थे। उसके बाद से इनमें गिरावट आने लगी थी और पिछले साल 12 फरवरी को इनकी संख्या 1.35 लाख पर आ गई थी।

रविवार को 11.80 लाख नमूनों की जांच

भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आइसीएमआर) के मुताबिक कोरोना संक्रमण का पता लगाने के लिए रविवार को 11,80,136 नमूनों की जांच की गई। इनको मिलाकर अब तक कुल 25.78 करोड़ से ज्यादा नमूनों की परीक्षण किया जा चुका है।

पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों से जुड़ी प्रमुख जानकारियों और आंकड़ों के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.