Jharkhand: कृषि मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा- नहीं जाने देंगे हाईस्कूल शिक्षकों की नौकरी

शिक्षकों से मुलाकात करते झारखंड के कृषि मंत्री बादल पत्रलेख। जागरण
Publish Date:Thu, 01 Oct 2020 06:47 PM (IST) Author: Vikram Giri

लातेहार (जासं) । 13 जिलों के नियोजन नीति 2016 से प्रभावित शिक्षकों को झारखंड उच्च न्यायालय के द्वारा निरस्त करने व शिक्षक नियुक्ति प्रक्रिया को रद्द करने के दिए गए फैसले से प्रभावित लातेहार जिले के 230 हाईस्कूल शिक्षकों ने परिसदन भवन पहुंचकर गुरूवार को सूबे के कृषि मंत्री बादल पत्रलेख से मिलकर एक ज्ञापन सौंपा है। शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री को सौंपे गए ज्ञापन में कहा है कि झारखंड कर्मचारी चयन आयोग के विज्ञापन संख्या 21/2016 के द्वारा आयोजित परीक्षा में उत्तरनिर्णता के फलस्वरूप हमारी बहाली की गई थी। पिछले 19 माह से जिले के विभिन्न विद्यालयों में कार्यरत हैं, मगर उच्च न्यायालय के आदेश के उपरांत हमारी नियुक्ति संकट में आ गई है। इस नियुक्ति हेतु बहुत सारे शिक्षक पूर्व की सरकारी नौकरी छोड़कर आए हुए हैं।

जिसके कारण उनकी स्थिति खराब हो जाएगी। उच्च न्यायालय द्वारा पारित अंतरिम आदेश के कारण जिले के लगभग 70 विद्यालयों में शैक्षणिक व्यवस्था ठप हो जाएगी। जिससे लातेहार जिले के इस परिवार के समस्त जीवन यापन की समस्या उत्पन्न होगी। उन्होंने कहा कि इस पूरे प्रकरण में उनका कोई दोष नहीं है, इसलिए उनके वेतन भुगतान पर कोई अंकुश न लगाई जाए। साथ ही जल्द ही उच्च न्यायालय के फैसले में पुनरीक्षण याचिका दायर की जाए। मंत्री ने शिक्षकों को भरोसा दिलाया कि सरकार उनसभी के साथ हैं। उन्होंने कहा कि इस संबंध में वे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से भी वार्ता हुई है और यह कोशिश की जाएगी कि उनकी नौकरी खत्म न हो।

मंत्री ने कहा कि किसी भी कीमत में हाई स्कूल शिक्षकों की नौकरी नहीं जाने दी जाएगी। सरकार हाईस्कूल शिक्षकों के लिए सुप्रीम कोर्ट जाएगी। इस मौके पर मनिका विधायक रामचंद्र सिंह, कांग्रेस जिला अध्यक्ष मुनेश्वर उरांव, कांग्रेस यूथ जिला अध्यक्ष अफताब आलम, जिला मीडिया प्रभारी पंकज तिवारी, पूर्व जिला अध्यक्ष प्रमोद सिंह, साजन कुमार, सुरेंद्र कुमार, प्रिंस गुप्ता, श्रवण कुमार मिश्रा, दीपक कुमार गुप्ता, दीपक कुमार गुप्ता, उमेश राम, बालेश्वर कुमार, रंजन कुमार, दिनेश राम, आशीष पांडेय समेत बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद थे।

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