स्वच्छ सर्वेक्षण में जिले को मिला प्रथम पुरस्कार

खूंटी : स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण), पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, जल शक्ति मंत्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण-2019 गत 14 अगस्त से 30 सितंबर तक चलाया गया था। प्रमुख रूप से स्वच्छता मापदंडों पर जिलों को रैंकिग देने के लिए राज्य में 24 जिलों, 585 ग्रामों एवं 2925 सार्वजनिक स्थलों को सर्वेक्षण में शामिल किया गया था। यह सर्वेक्षण भारत सरकार द्वारा चयनित थर्ड पार्टी एजेंसी द्वारा किया गया था। इसमें सर्वप्रथम सार्वजनिक स्थल का प्रत्यक्ष अवलोकन किया जाना था। कुल 30 अंकों को विभिन्न सार्वजनिक जैसे-विद्यालय, आंगनबाड़ी केन्द्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों, धार्मिक स्थल, हाट-बाजार एवं पंचायत भवन की साफ-सफाई, निर्मित शौचालय का प्रयोग, ठोस एवं तरल अपषिष्ट पदार्थों का प्रबंधन साथ ही प्लास्टिक की थैलियों आदि के प्रयोग पर प्रतिबंध एवं उसका उचित प्रबंधन किया जाना था। दूसरा नागरिकों की प्रतिक्रिया, जिसमें कुल 35 अंक ग्राम सभा की बैठक, समूह चर्चा ऑनलाइन प्रतिक्रिया एवं पंचायत के व्यक्तियों का व्यक्तिगत साक्षात्कार के आधार पर दिया जाना था। साथ ही स्वच्छ भारत मिशन (ग्रा.) के अवयवों की प्रगति जैसे-छूटे हुए लाभुकों के शौचालय निर्माण एवं जिलों में ओडीएफ-एस सेल का गठन किये जाने के अवलोकन पर कुल 35 अंक मिले।

मंगलवार को विश्व शौचालय दिवस के अवसर पर प्रवासी भारतीय केन्द्र, चाणक्यपुरी नई दिल्ली में एसएसजी-2019 अवार्ड सेरेमनी का अयोजन किया गया। इसमें उक्त सभी बिन्दुओं पर अच्छी रैंकिग प्राप्त करने के लिए पूर्वी भारत में राज्य की श्रेणी में झारखंड राज्य को प्रथम स्थान एवं जिले की श्रेणी में खूंटी जिले को प्रथम स्थान मिला। साथ ही दुमका एवं सिमडेगा को द्वितीय एवं तृतीय स्थान मिला। उक्त एसएसजी-2019 अवार्ड सेरेमनी में खूंटी जिले से कार्यपालक अभियंता, पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल, खूंटी राधेश्याम रवि एवं जिला परामर्शी नीरज प्रियदर्शी ने पुरस्कार के रूप में प्रमाण पत्र प्राप्त किया।

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