Jamshedpur, Jharkhand:सांसद ने आधी रात को पटेल की मूर्ति का अनावरण, टाटा स्टील ने हटाने को कहा

Jamshedpur Jharkhand शहर में अब तक चौक-चौराहों पर जितनी भी मूर्तियां लगी हैं सबके खिलाफ टाटा स्टील ने पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन से लिखित शिकायत कर रखी है जिसे अतिक्रमण बताते हुए प्रशासन से हटाने का आग्रह किया है।

Rakesh RanjanSun, 28 Nov 2021 10:12 AM (IST)
चौक-चौराहों पर लगी मूर्ति के खिलाफ टाटा स्टील ने उपायुक्त को पत्र लिखा है।

जमशेदपुर, जासं। झारखंड के जमशेदपुर शहर के कंपनी क्षेत्र में चौक-चौराहों पर लगी मूर्ति के खिलाफ टाटा स्टील ने उपायुक्त को पत्र लिखा है। कंपनी ने लिखा है कि बिना अनुमति के चौक-चौराहों पर मूर्ति लगाना लीज शर्तों का उल्लंघन है। इससे सड़कों और गोलचक्कर का पुनर्निर्माण या जीर्णोद्धार करने में समस्या आती है।  ताजा मामला बिष्टुपुर का है, जहां खरकई पुल के पास गोलचक्कर में 31 अक्टूबर की आधी रात को प्रथम गृह मंत्री सरदार वल्लभ भाई पटेल की मूर्ति का है। इस मूर्ति का अनावरण सांसद विद्युत वरण महतो ने रात ढाई बजे किया था।

इस मामले को उपायुक्त सूरज कुमार ने अनुमंडल दंडाधिकारी धालभूम संदीप कुमार मीणा को अग्रसारित कर दिया है, जिसमें जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई करने को कहा है। यह प्रतिमा सरदार वल्लभ भाई पटेल स्मारक समिति की ओर से की गई थी। इसमें रामाश्रय प्रसाद, ललित कुमार सिंह, ओमप्रकाश सिंह, अशोक मंडल, पुरेंद्र नारायण सिंह, जितेंद्र कुमार सिंह, चंद्रमोहन चौधरी, धर्मेंद्र प्रसाद, संजीव कुमार, मानिक प्रसाद सिंह, सत्य प्रकाश, रामाशीष सिंह, नित्यानंद, विद्याभूषण, पवन चौधरी, श्रवण मंडल, शंभू शरण, अरुण चौधरी आदि शामिल थे।

टाटा स्टील ने कर रखी है शिकायत

ज्ञात हो कि शहर में अब तक चौक-चौराहों पर जितनी भी मूर्तियां लगी हैं, सबके खिलाफ टाटा स्टील ने पूर्वी सिंहभूम जिला प्रशासन से लिखित शिकायत कर रखी है, जिसे अतिक्रमण बताते हुए प्रशासन से हटाने का आग्रह किया है। जिला प्रशासन भी कंपनी की शिकायत पर इस मामले को अतिक्रमण मानते हुए कोर्ट में मुकदमा कर देती है। इससे पहले सिर्फ कदमा के गणेश पूजा मैदान में स्व. सांसद सुनील महतो की प्रतिमा स्थापित किए जाने पर कार्रवाई हुई थी। इसकी वजह से वहां 2008 अब तक धारा-144 लगी हुई है।

इन महापुरुषों की लगी है मूर्ति

लोकनायक जयप्रकाश नारायण (मानगो पुल के पास), महाराणा प्रताप (मेरीन ड्राइव मोड़, बिष्टुपुर), डा. भीमराव आंबेडकर (पुराना कोर्ट गोलचक्कर, साकची), नेताजी सुभाषचंद्र बोस (आमबगान मैदान, साकची), शहीद निर्मल महतो (कदमा, उलियान व सोनारी)।

साकची गोलचक्कर पर बिरसा मुंडा के नाम का रखा था पत्थर

साकची गोलचक्कर पर 15 नवंबर 2020 को भगवान बिरसा मुंडा के नाम का एक बड़ा पत्थर रखा गया था, जिसकी अगुवाई जुगसलाई विधानसभा क्षेत्र के विधायक मंगल कालिंदी ने की थी। काफी दिनों तक वह शिला दिख रखी थी, लेकिन कुछ दिनों बाद टाटा स्टील ने पूरे गोलचक्कर को टिन की चादरों से घेर दिया। अब वह पत्थर बाहर से नहीं दिखता है, अंदर झांकने पर भी नजर नहीं आता है। गाेलचक्कर के अंदर घास व खर-पतवार उग आए हैं।

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