मुखिया-पंचायत सेवक पर ग्रामीणों ने लगाए कई गंभीर आरोप

मुखिया-पंचायत सेवक पर ग्रामीणों ने लगाए कई गंभीर आरोप
Publish Date:Sat, 19 Sep 2020 04:07 PM (IST) Author: Jagran

डुमरी : प्रखंड के नागाबाद एवं चेगड़ो के दर्जनों ग्रामीणों ने मुखिया पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रधानमंत्री आवास देने के एवज में राशि वसूलने, सरकारी योजनाओं का लाभ अपने चहेते को देने, पंचायत में ग्राम सभा व आमसभा नहीं कराने जैसे कई आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने सांसद, उपायुक्त व बीडीओ को आवेदन देकर कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों की शिकायत के आलोक में सांसद सीपी चौधरी ने उपायुक्त से अपनी अनुशंसा कर शिकायतों की जांच व कार्रवाई करने की बात कही है। चेगड़ो पंचायत के सामाजिक कार्यकर्ता लालेश्वर महतो ने भी बीडीओ से मुखिया व

पंचायत सेवक पर कार्रवाई करने की मांग की है। नागाबाद के दशरथ मंडल, गिरजा राय, नकुल राय, धरम मंडल, प्रमिला देवी, जयनारायण, चितामणी मंडल, सुरेश मंडल, नागेंद्र मंडल, उपेंद्र मंडल, शिवानी देवी, कौशल्या देवी आदि ने लिखा है कि मुखिया ने आजतक योजनाओं का चयन ग्राम सभा व आम सभा नहीं किया है। पीएम आवास देने में शेक डाटा में दर्ज वरीयता सूची में हेराफेरी कर राशि लेकर मनमानी तरीके से लाभुकों को योजना का लाभ देते हैं, जबकि तीन माह पूर्व पंचायत के बिजली पोलों में लगी स्ट्रीट लाइट खराब हो गई है। पुरनी भंडारो में राशि लेकर सोलर लाइट लोगों के घरों में दी गई है। प्राथमिक विद्यालय पुरनी भंडारो में लगाया गया जलमीनार में निम्न स्तर की सामग्री उपयोग की गई है। चेगड़ो के लालो महतो, कौशल्या देवी, टीको साव, सुरेश कुमार आदि ने बीडीओ को दिए आवेदन में कहा है कि मुखिया व पंचायत सेवक पीएम आवास योजना का लाभ देने के नाम पर हजारों रुपये लाभुकों से लेते हैं। पीएम आवास के लिए शेक डाटा में नाम जोड़ने के नाम पर मुखिया दस हजार पंचायत सेवक पांच हजार एवं जियो टैग करनेवाले कर्मी एक हजार रुपये की मांग करते हैं। पैसा नहीं देने वालों का नाम वरीयता सूची में नहीं रखा जाता है। मुखिया व पंचायत सेवक पैसे लेकर संपन्न परिवारों को पीएम आवास दे देते हैं। आरोप है कि मुखिया ने अपनी मां के नाम पर अपने दो मंजिला मकान के ऊपर आंबेडकर आवास बना लिया है।

इधर, प्रमुख यशोदा देवी एवं पूर्व जिप सदस्य जीवाधन महतो ने कहा कि ग्रामीणों के आरोपों को संबंधित अधिकारियों को गंभीरता से लेते हुए जांच कर उचित कार्रवाई करनी चाहिए। बताया कि ऐसी शिकायत लगभग प्रखंड की सभी पंचायतों से सुनने को मिल रही है।

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