भवनाथपुर में डेढ़ महीने से डोलोमाइट का उठाव बंद

भवनाथपुर:

भवनाथपुर सेल आरएमडी प्रबंधन व रेल विभाग के बीच समन्वय के अभाव में बीते डेढ़ माह से भवनाथपुर से होने वाले विभिन्न स्टील प्लांटों में  डोलोमाइट पत्थरों का डिस्पेच बंद पड़ा हुआ है। जिसके कारण सेल के रेलवे साइडिग में संवेदकों द्वारा तुलसीदामर से लाए जा रहे खनन कर माल डंप किये जाने से एरिया पूरा फूल हो गया है। साइडिग में  जगह नहीं होने के कारण पत्थरों का पहाड़ बना चुका है। ै। दिसंबर महीने में लाये जा रहे पत्थर को साइडिग के बगल में खेत मे डंप करने को संवेदक मजबूर हैं। ऐसा करने से बाद में लोडिग करने पर उन्हें इसका अतिरिक्त खर्च वहन करना पड़ेगा। बताते चलें की बीते एक मई 2019 से सेल के तुलसीदामर डोलोमाईट खदान का नया संविदा का कार्य प्रारंभ हुआ है। जिसमे दो संवेदक मेसर्स आर एस ग्रेवाल को 60 फीसद व मेसर्स अम्बा लाल पटेल को 40 फीसद का कार्य आवंटित किया गया है। जिसमे प्रति वर्ष 2.10 लाख टन डोटोमाइट पत्थर भवनाथपुर से विभिन स्टिल प्लांट में डिस्पेच होना है। जिसमे प्रतिमाह तुलसी दामर से लगभग 25 हजार टन डोलोमाईट उत्खनन कर उक्त दोनों संवेदक भवनाथपुर रेलवे साइडिग में डंप किये हैं। उत्खन्न किये गए पत्थर को प्रति माह पांच से छह रैक ले जाने के लिए सेल और रेलवे के बीच तय है। परंतु बीते आठ माह में सेल व रेलवे के बीच समन्वय के अभाव के कारण किसी भी महीने में निर्धारित डिस्पेच नहीं हो सका है। वर्तमान में अनुमानत: 40 से 50हजार टन डोलोमाईट साइडिग में डंप पड़ा हुआ है। बताते चले कि सेल से रेलवे को प्रति माह एक रैक का बोकारो प्लांट का किराया अनुमानित 18 लाख, भिलाई स्टील प्लांट का 22 लाख व राउरकेला का 20 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त होता है। अगर निर्धारित पांच से छह रैक माल जाए तो रेलवे को करोड़ो रुपये का राजस्व की प्राप्ति होगी।

पक्ष 

प्रबंधन माल को बाहर भेजने के लिये  प्रयासरत है। रेलवे द्वारा रैक की कोयला ढुलाई में लगे  होने के कारण कमी बताई गई है। इंडेंट हो चुका है। उम्मीद है कि एक-दो दिनों में माल का ढुलाई प्रारंभ हो जाएगा।

संजय कुमार सिंह, जीएम, सेल भवनाथपुर।

  पक्ष

सेल के हेड कार्यालय कोलकाता  के अधिकारियों व स्थानीय सेल प्रबंधन के अधिकारियों द्वारा घोर  लापरवाही के कारण यह हश्र हो रहा है। यूनियन द्वारा कोलकाता में जल्द ही एक बैठक कर इसका हल निकाला जाएगा।

गणेश सिंह, एटक यूनियन के गढ़वा जिला अध्यक्ष।

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