वन विभाग की लापरवाही से दो कछुआ तस्कर फरार

धनबाद : कछुआ के साथ गिरफ्तार दो तस्कर फरार हो गए और वन विभाग को पता ही नहीं चला। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि विभाग की लापरवाही है या फिर संलिप्तता। इसकी विभागीय जांच हो रही है। वहीं गार्ड पर कार्रवाई का आदेश दे दिया गया है। ये तस्कर कछुओं को लेकर बंगाल जा रहे थे। दो तस्करों को बरवाअड्डा पुलिस ने मंगलवार की देर शाम गिरफ्तार कर लिया। स्विफ्ट डिजायर कार में 29 कछुओं को बरामद किया गया है। इसमें 14 कछुओं की मौत हो चुकी है। वहीं 15 कछुए जीवित हैं। कछुओं का हाथ-पैर बाधकर कार की डिक्की में रखकर ले जाया जा रहा था। जब्त कछुओं का वजन 10 से 25 किलो तक है। इससे पता चलता है कि ये कछुए काफी पुराने हैं। बरवाअड्डा पुलिस ने दोनों तस्करों व कछुओं से लदे कार को जब्त कर वन विभाग को सौंप दिया है। वन विभाग ने दोनों तस्करों को अपनी निगरानी में रखा था, लेकिन बुधवार की अहले सुबह दोनों फरार हो गए। ठंड में वन कर्मियों के छूटे पसीने, गिरी गाज

कछुआ तस्कर वन विभाग की निगरानी में थे। लेकिन सुबह वे फरार हो गए। इसके बाद वन विभाग के वनरक्षी और वनपाल दोनों के पसीने छूटने लगे। सवाल उठने लगे कि कहीं तस्करों के फरार होने में वन कर्मियों की मिलीभगत तो नहीं। मामला जब डीएफओ तक पहुंचा, तो उन्होंने पूछताछ भी की। लेकिन डीएफओ कर्मियों के जवाब से संतुष्ट नहीं हुए और कार्रवाई की अनुशंसा कर दी। अमेठी के रहने वाले हैं तस्कर

बरवाअड्डा पुलिस ने जिन दो कछुआ तस्कर अशोक कुमार तथा मोती लाल को पकड़ कर वन विभाग के हवाले किया था वे दोनों तस्कर उतर प्रदेश के अमेठी जिले के रहने वाले हैं।

वन्य जीव अधिनियम के तहत मुकदमा

वन विभाग के डीएफओ विमल लकड़ा ने बताया कि यह काफी गंभीर मामला है। दोनों वन कर्मियों के जिम्मे कछुआ से लदे वाहन और दोनों तस्करों को रखा गया था। दोनों कैसे फरार हो गए, विभाग यह पता लगाने में जुट गया है कि इस मामले में उनकी संलिप्तता है या नहीं और कैसे दोनों तस्कर फरार हो गए। वहीं उन्होंने बताया कि दोनों तस्करों की पूरी जानकारी जुटा ली गई है। उन पर वाइल्ड लाइफ के तहत मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। वहीं जीवित कछुआ को मैथन में छोड़ने का आदेश दिया गया है। कछुआ से है धनबाद का पुराना नाता

कछुआ की तस्करी का मामला धनबाद वन विभाग के लिए नया नहीं है। उतरप्रदेश से बंगाल ले जाने के लिए तस्कर धनबाद जीटी रोड होकर गुजरते हैं। 2016 में दो दर्जन से अधिक कछुआ को पकड़ा गया था। वहीं 2018 में दून एक्सप्रेस में रेलवे पुलिस ने 141 कछुआ के साथ एक व्यक्ति को पकड़ा था।

1952 से 2019 तक इन राज्यों के विधानसभा चुनाव की हर जानकारी के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.