top menutop menutop menu

कश्मीर में अब हाईवे और सुरक्षा शिविरों के पास होगा सेब निर्यात

राज्य ब्यूरो, श्रीनगर : कश्मीर घाटी में आतंकियों द्वारा ट्रक चालकों और सेब व्यापारियों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं के बाद राज्य प्रशासन ने शोपियां में सेब निर्यात और खरीद के लिए नौ सुरक्षित जोन चिन्हित किए हैं। ये सभी जोन जिला मुख्यालय को श्रीनगर और हाईवे से जोड़ने वाली मुख्य सड़क या सुरक्षाबलों के शिविरों के पास हैं। अब आतंकी यदि कोई नापाक हरकत करेंगे तो उन्हें परिणाम भी भुगतना पड़ेगा।

जिला प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि ये सभी क्षेत्र शोपियां जिले में मुख्य सड़कों या पुलिस, सीआरपीएफ व सेना के शिविरों के पास हैं। इन इलाकों में चौबीस घंटे सुरक्षाबलों की गश्त को यकीनी बनाया गया है। ट्रक चालकों को इन जगहों पर अपने वाहन लगाने के लिए कहा गया है। सेब उत्पादकों और व्यापारियों से कहा गया है कि वह अपनी फसल को लेकर सुरक्षित क्षेत्र में पहुंचे। वहीं पर सेब खरीदने के लिए व्यापारी और निर्यात के लिए ट्रक उपलब्ध रहेंगे।

600 ट्रकों को सुरक्षा कारणों से रोका :

वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मुगल रोड पर पीर की गली के पास पोशाना इलाके में भी 600 ट्रकों को सुरक्षा कारणों और सड़क पर यातायात सुचारु बनाने के लिए रोका गया है। कुछ सूचनाएं मिली थीं कि आतंकी इस सड़क से गुजरने वाले ट्रकों को निशाना बना सकते हैं। मुगल रोड और उससे सटे इलाकों में सुरक्षा बढ़ाने के साथ ही ट्रकों को कश्मीर के लिए छोड़ा जा रहा है। डीजीपी ने लिया सुरक्षा का जायजा : राज्य पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह ने आइजी कश्मीर एसपी पाणि संग शोपियां का दौरा कर हालात का जायजा लिया। उन्होंने जिला पुलिस और शोपियां में तैनात सेना व केंद्रीय अर्धसैनिकबलों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर सेब व्यापारियों और उत्पादकों की सुरक्षा को यकीनी बनाने के साथ ही आतंकरोधी अभियानों का भी जायजा लिया। उन्होंने फील्ड कमांडरों को फलोत्पादकों के साथ विचार विमर्श कर सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता बनाने के लिए कहा। दिलबाग सिंह ने कहा कि वादी से बाहर की मंडियों में निर्यात किए जाने वाले सेब की लदाई के लिए सुरक्षित जगहों को चिन्हित किया जाए। इन जगहों पर फलोत्पादक छोटे मालवाहक वाहनों और पिकअप वैन में सेब लेकर आएं और ट्रकों में भराई कराएं। अन्य राज्यों के ट्रक चालक और व्यापारी भीतरी इलाकों में जाने से बचें। कश्मीर में अन्य राज्यों के श्रमिकों को निर्माण स्थल पर ही आवासीय सुविधा देगा प्रशासन

राज्य ब्यूरो, श्रीनगर : आतंकियों का निशाना बन रहे अन्य राज्यों के श्रमिकों को राज्य प्रशासन सुरक्षित माहौल और निर्माण स्थलों पर ही आवासीय सुविधा भी मुहैया करवाएगा, ताकि घाटी में लंबित सरकारी विकास योजनाओं को समय रहते पूरा किया जा सके। इसका निर्देश शुक्रवार को मंडलायुक्त कश्मीर बसीर अहमद खान ने जिला श्रीनगर में जारी विकास योजनाओं की मौजूदा हालात पर बैठक में दिया।

वादी में सुधरते हालात से हताश आतंकियों ने छह दिनों में राजस्थान के ट्रक चालक और सेब व्यापारी की हत्या करने के अलावा छत्तीसगढ़ के श्रमिक को भी मौत के घाट उतारा है। इससे वादी में बाहरी श्रमिकों में भय का माहौल बन गया है। कई घाटी भी छोड़ने लगे हैं। इससे कश्मीर में जारी विभिन्न विकास योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं। खान ने कहा कि श्रमिकों को इन कायरें को पूरा करने के लिए लाया जाए। उन्हें निर्माण स्थल पर ही रहने व खाने की उचित सुविधा और सुरक्षा दी जाए, ताकि वह बिना किसी डर काम कर सकें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.