एसटी के दर्जे की मांग को लेकर कांग्रेस, नेकां, पीडीपी व भाजपा एक ही मंच पर

संवाद सहयोगी सुंदरबनी राजौरी व पुंछ जिले को एसटी दर्जा देने की मांग को लेकर शुक्रवार

JagranPublish:Sat, 20 Nov 2021 06:02 AM (IST) Updated:Sat, 20 Nov 2021 06:02 AM (IST)
एसटी के दर्जे की मांग को लेकर कांग्रेस, नेकां, पीडीपी व भाजपा एक ही मंच पर
एसटी के दर्जे की मांग को लेकर कांग्रेस, नेकां, पीडीपी व भाजपा एक ही मंच पर

संवाद सहयोगी, सुंदरबनी : राजौरी व पुंछ जिले को एसटी दर्जा देने की मांग को लेकर शुक्रवार को सुंदरबनी में एक दिवसीय पहाड़ी जनजातीय सम्मेलन का आयोजन किया गया। सुंदरबनी के सरकारी डाक बंगले में पहाड़ी सम्मेलन का आयोजन कर केंद्र सरकार पर दबाव डालने के लिए पहाड़ी नेताओं ने रणनीति बनाई।

सम्मेलन में ठाकुर गुरदेव सिंह ने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्र के दो जिले राजौरी और पुंछ के आठ लाख से अधिक लोग पिछले 50 वर्षो से सीमावर्ती जिलों में रहने वाले पहाड़ी भाषाई लोगों को एसटी का दर्जा देने की केंद्र सरकार से मांग कर रहे हैं। जिला विकास परिषद सदस्य इकबाल मलिक ने कहा कि पूर्व में सरकारों द्वारा लाखों पहाड़ी लोगों को मूर्ख बनाया जाता रहा है। कितनी सरकारें आई और गई, मात्र पहाड़ी लोगों को आश्वासन ही दिए जाते रहे हैं।

मंच से सैकड़ों की संख्या में पहाड़ी भाषा बोलने वाले लोगों को संबोधित करते हुए डीडीसी सदस्य राजेंद्र शर्मा ने कहा कि चाहे कुछ भी हो जाए, हम लोग एसटी दर्जे की मांग के लिए हर संभव लड़ाई लड़ेंगे। उम्मीद करते हैं कि सरकार बहुत जल्द राजौरी और पुंछ को एसटी का दर्जा दे देगी।

लोगों को संबोधित करते हुए एडवोकेट आसिन मिर्जा ने कहा कि पहाड़ी भाषा बोलने वाले लोग पिछले कई वर्षो से एसटी दर्जे को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। चुनावों के समय हर पार्टी द्वारा राजौरी व पुंछ की अवाम को झूठे सपने दिखाकर वोट हासिल कर लिया जाते हैं। उसके बाद किसी भी पार्टी को पहाड़ी लोगों की याद नहीं आती। नेशनल कांफ्रेंस के जम्मू संभाग के प्रांतीय उपप्रधान विपिन पाल शर्मा ने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्र के लाखों लोग दशकों से एसटी दर्जे की मांग कर रहे हैं। अगर जल्द केंद्र सरकार हमारी इस मांग को पूरा नहीं करती तो राजौरी व पुंछ की लाखों की आबादी सड़कों पर उतरने को मजबूर हो जाएगी। कांग्रेस ब्लाक प्रधान नैन चंद ने कहा कि आठ लाख से अधिक लोग अपने हक के लिए वर्षो से संघर्ष कर रहे हैं। कोई भी सरकार इस ओर ध्यान नहीं दे रही। भाजपा महासचिव पूर्व एमएलसी विबोध गुप्ता ने कहा कि एसटी दर्जे को लेकर सीमावर्ती क्षेत्र राजौरी और पुंछ जिलों के लाखों लोग और नेता इकट्ठे होकर सरकार पर दबाव बना रहे हैं।

उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार पहाड़ी लोगों को लेकर अपनी चिता जाहिर कर चुकी है। कुछ दिन पहले जम्मू रैली में देश के गृहमंत्री भी न्याय दिलाने का आश्वासन दे चुके हैं। उम्मीद करते हैं कि सरकार बहुत जल्द राजौरी और पुंछ को एसटी का दर्जा दे देगी।

वहीं, इस पहाड़ी सम्मेलन में सैकड़ों की संख्या में पहुंचे पहाड़ी लोगों के साथ भाजपा महासचिव पूर्व एमएलसी विवेक गुप्ता, डीडीसी सदस्य दरहाल इकबाल मलिक, डीडीसी सदस्य राजेंद्र शर्मा, बीडीसी चेयरमैन बालकृष्ण शर्मा, प्रभारी दिनेश शर्मा एडवोकेट, गुरुदेव सिंह, भारत भूषण, नेशनल कांफ्रेंस के वरिष्ठ नेता विपिन पाल, कांग्रेस ब्लाक प्रधान नैन चंद, भाजपा जिला प्रधान बालकृष्ण शर्मा, किसान मोर्चा जिला प्रधान अशोक सिंह, मंडल प्रधान राकेश शर्मा, नसीब सिंह सहित काफी संख्या में पहाड़ी नेता और सरपंच-पंच मौजूद रहे।