Jammu Srinagar National Highway: रामबन के केला मोड़ में 60 घंटों में तैयार हुआ बैली पुल, जल्द यातायात शुरू होने की संभावना

बैली पुल का लोड टेस्ट सफल ट्रायल रन हो गया है।

10 जनवरी को पूरे देश और दुनियां से कटे घाटी के सड़क संपर्क को बहाल करने के लिए बन रहे बैली पुल का लोड टेस्ट सफल ट्रायल रन हो गया है। शेष काम करने के बाद शाम तक इसे यातायात के लिए खोला जा सकता है।

Publish Date:Sat, 16 Jan 2021 05:39 PM (IST) Author: Vikas Abrol

ऊधमपुर, जागरण संवाददाता । 10 जनवरी को पूरे देश और दुनियां से कटे घाटी के सड़क संपर्क को बहाल करने के लिए बन रहे बैली पुल का लोड टेस्ट सफल ट्रायल रन हो गया है। शेष काम करने के बाद शाम तक इसे यातायात के लिए खोला जा सकता है। बीआरओ ने मांगे गए 72 घंटों के समय से 12 घंटे पहले ही लोड टेस्ट ट्रायल रन कर लिया है।

बता दें कि बीती रविवार शाम छह बजे जम्मू श्रीनगर हाईवे पर किलोमीटर नंबर 153 पर रामबन जिला में स्थित केला मोड़ में पुल का शुरुआरती हस्से की सुरक्षा दिवार ढह जाने के कारण जम्मू श्रीनगर हाईवे क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके साथ ही घाटी का सड़क संपर्क भी पूरे प्रदेश, देश से बहाल करने के लिए युद्ध स्तर पर काम शुरु हो गया। मगर नेशनल हाईवे अथारिटी को क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत में तकरीबन 20 दिन का समय लगता देख हाईवे पर यातायात बहाल करने के विकल्प के तौर पर बैली पुल बनाने का फैसला लिया गया। जिसके बाद यह काम बीआरओ को सौंपा गया। मंगलवार को सौंप सौपे जाने के बाद बीआरओ ने बैली पुल का सामान भेजना शुरु कर दिया।

बुधवार शाम को सामान रामबन के केला मोड़ में पहुंचना शुरु हो या और पुल निर्मा शुरु कर दिया। शुक्रवार शाम तक 70 फीसद से ज्यादा काम पूरा कर लिया गया था। शनिवार शाम तक ट्रायल रन होने की संभावना जताई जा ही थी, मगर बीआरओ ने निर्धारित समय से पहले शनिवार दोपहर 2.45 मिनट पर पर लोड टेस्ट ट्रायल रन कर लिया। बीआरओ को ब्रिगेडियर आईके जग्गी का वाहन सबसे पहले पुल के उपर से गुजरा, उसके बाद बीआरओ अधिकारियों के अन्य वाहन और फिर जेसीबी और लोड डंपर को तैयार हुए बैली पुल से गुजार कर उसका लोड टेस्ट ट्रायल रन किया गया। जो पूरी तरह सफल रहा।

40 टन तक वजन सहने में पुल सक्षम

बीआरओ की 99 आरसीसी और 760 टास्क फोर्स द्वारा केला मोड़ में तैयार किया गया पुल 40 टन तक के वजन को झेलने में सक्षम है। 40 टन से अधिक क्षमता के वाहन इस पुल से जाने की अनुमति नहीं होगी। 

60 घंटों में पूरा किया निर्माण

बीआरओ ने पुल तैयार करने के लिए 72 घंटों का समय मांगा था। बीआरओ के ब्रिगेडियर आईके जग्गी ने कहा कि उनको खुशी है कि दी गई समय अवधि से काफी पहले ही पुल तैयार हो गया है। उन्होंने बताया कि पुल 60 घंटों में तैयार कर लिया गया। लोड टेस्ट भी सफल रहा है और अब बाकी का जरूरी काम करने के बाद शाम तक पुल को यातायात बहाल करने के लिए खोल दिया जाएगा।

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