Dairy Products In Jammu : दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए कठुआ जिले में 114 डेयरी यूनिटों को मंजूरी

Dairy Products In Jammu पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव नवीन कुमार ने इसका ई उद्घघाटन किया। इस मौके पर विभाग के डायरेक्टर डाक्टर सागर डायफोडे और डीसी कठुआ राहुल यादव और अन्य अधिकारियों के अलावा गांव के लोग मौजूद रहे।

Rahul SharmaPublish:Fri, 19 Nov 2021 08:27 AM (IST) Updated:Fri, 19 Nov 2021 08:27 AM (IST)
Dairy Products In Jammu : दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए कठुआ जिले में 114 डेयरी यूनिटों को मंजूरी
Dairy Products In Jammu : दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए कठुआ जिले में 114 डेयरी यूनिटों को मंजूरी

जम्मू, जागरण संवाददाता : पशुपालन विभाग ने राज्य में दुग्ध उत्पादन को बढ़ाने के लिए 114 डेयरी यूनिटों को कठुआ जिले के नगरी इलाके में मंजूरी दे दी।दुग्ध क्रांति लाने के मकसद से नगरी में दूध उत्पाद को नगरी मिल्क से जाना जाएगा।केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर में यह पहला मौका है,जब सफेद क्रांति को मूर्त रूप देने के लिए पहल की गई हो।

पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव नवीन कुमार ने इसका ई उद्घघाटन किया। इस मौके पर विभाग के डायरेक्टर डाक्टर सागर डायफोडे और डीसी कठुआ राहुल यादव और अन्य अधिकारियों के अलावा गांव के लोग मौजूद रहे।इस मौके पर योजना का लाभ लेने वाले प्रतिनिधियों को मंजूरी पत्र जारी किये गए।प्रमुख सचिव ने कहा कि योजना में कई स्कीम है, जिसका मकसद जम्मू कश्मीर में दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देना है ताकि प्रदेश में दूध की खपत पूरी हो सके।

बैठक के दौरान पंचायती राज संस्थान ने वेटनरी एम्बुलेंस की मांग रखी ताकि नगरी इलाके में पशुपालकों की समस्याओं का उनके द्वार पर उनके पशुओं का इलाज हो सके।जिसे अधिकारियों ने मंजूर कर लिया।

उपराज्यपाल से मिले रंधावा : पूर्व एमएलसी चौधरी विक्रम रंधावा ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से मुलाकात कर डोमिसाइल जारी किए जाने की प्रक्रिया में लोगों को पेश आ रही समस्याओं को उठाया। रंधावा ने उपराज्यपाल को बताया कि सरकार ने डोमिसाइल कानून लागू किया है और लोगों को डोमिसाइल जारी किए जा रहे हैं मगर कई प्रशासन के अधिकारी अभी भी स्टेट सब्जेक्ट की मांग कर रहे हैं। जम्मू-कश्मीर में लंबे अर्से से बड़ी संख्या में लोग रह रहे हैं और कानून में यह पूरी व्यवस्था है कि उन लोगों के नियमों के तहत डोमिसाइल बनाए जाएं लेकिन कई लोगों को इसमें परेशानी पेश आ रही हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि जमीन की रजिस्ट्री के लिए स्टेट सब्जेक्ट अभी भी मांगे जा रहे हैं। जब स्टेट सब्जेक्ट समाप्त हो गया है तो फिर स्टेट सब्जेक्ट क्यों मांगा जा रहा है। उन्होंने गांधी नगर क्षेत्र में हाउसिंग बोर्ड की तरफ से लोगों को 10 फुट जगह खाली किए जाने के मामले को भी उठाया। उन्होंने कहा कि अगर लोगों की 10 फुट जमीन चली गई तो वह अपने घरों में कैसे रह पाएंगे। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मामले को देखना चाहिए। उपराज्यपाल ने रंधावा को आश्वासन दिया कि उनकी मांगों पर गौर किया जाएगा।