ज्वालामुखी में तीन नए टायलेट ब्लाक बनाएगी नगर परिषद

नगर परिषद ज्वालामुखी निकाय क्षेत्र को सुंदर तथा व्यवस्थित करने के लिए आगामी कुछ समय में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर काम करेगी। निकाय क्षेत्र में फिजूलखर्ची पर लगाम लगाकर शहर के विकास को आगे बढ़ाने के लिए कई निर्णय लिए गए हैं।

Richa RanaPublish:Wed, 24 Nov 2021 04:15 PM (IST) Updated:Wed, 24 Nov 2021 04:15 PM (IST)
ज्वालामुखी में तीन नए टायलेट ब्लाक बनाएगी नगर परिषद
ज्वालामुखी में तीन नए टायलेट ब्लाक बनाएगी नगर परिषद

ज्वालामुखी, संवाद सूत्र। नगर परिषद ज्वालामुखी निकाय क्षेत्र को सुंदर तथा व्यवस्थित करने के लिए आगामी कुछ समय में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर काम करेगी। निकाय क्षेत्र में फिजूलखर्ची पर लगाम लगाकर शहर के विकास को आगे बढ़ाने के लिए कई निर्णय लिए गए हैं। बुधवार को नगर परिषद की अहम बैठक में फैसला लिया गया है कि स्वच्छता के क्षेत्र में व्यापक सुधारों को प्राथमिकता से तवज्जो दी जाएगी।

ज्वालामुखी बस अड्डा के पास वर्षों से खस्ता हाल में चल रहे सुलभ शौचालय को तोड़कर नए साफ सुथरे टायलेट्स का निर्माण किया जाएगा। यह वो जगह है जहां स्थानीय लोगों के साथ सैकड़ों श्रद्धालु फ्रेश होने के लिए जाते हैं। लेकिन गंदगी कारण इसकी कई बार शिकायतें भी लगातार होती हैं। परिषद ने इसे अत्यधिक महत्वपूर्ण समझते हुए अब नए सिरे से निर्माण हेतु प्रस्ताव पारित किया है। साथ ही मुख्य मंदिर मार्ग, मंदिर मार्ग नवंबर दो तथा स्टेट बैंक आफ इंडिया के साथ लगती सरकारी जगह पर भी टायलेट्स ब्लाक बनाने का निर्णय हुआ है। इस सारे एरिया में साफ सुथरे शौचालयों की कमी ज्वालामुखी नगर की सबसे बड़ी समस्या है।

निकाय ने बिजली के अंधाधुंध खर्चे को कम करने के मकसद से शहर में शुरूआती दौर में 25 सोलर लाइट लगाने का भी निर्णय किया है। निकाय हर माह सबा लाख के करीब का बड़ा बजट बिजली बिल पर खर्च करता है। यदि सोलर लाइट सिस्टम सफल हुआ तो निकाय बड़ा सोलर प्लांट लगाकर शहर के बीच से लेकर गलियों तथा कालोनियों में सोलर लाइट से नगर को चकाचौंध करेगा। निकाय ने शहर की सफाई व्यवस्था को और अधिक प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए नियमित चेकिंग का भी फैसला किया। होटलों,ढावों तथा अन्य व्यापारिक संस्थानों से कूड़ा करकट उठाने की एवज में पैसे की उगाही के लिए भी चर्चा हुई है। उम्मीद है की अपने संस्थानों से अधिक कूड़ा करकट निकालने वाले होटलों, सरायों से प्रति माह ली जाने वाली फीस बढ़ाई जा सकती है। जबकि छोटे दुकानदारों को राहत दी जा सकती है। बैठक में निकाय के चुने हुए प्रतिनिधि तथा सरकार द्वारा मनोनीत पार्षद मौजूद रहे।