जीएसटी के स्लैब रेट में बढ़ोतरी पर बिफरे व्यापारी, कहा सरकार सुने तो सड़कों पर आएंगे

जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) के स्लैब रेट में बढ़ोतरी के विरोध में व्यापारी आ गए हैं।

JagranPublish:Sat, 04 Dec 2021 07:42 PM (IST) Updated:Sat, 04 Dec 2021 07:42 PM (IST)
जीएसटी के स्लैब रेट में बढ़ोतरी पर बिफरे व्यापारी, कहा सरकार सुने तो सड़कों पर आएंगे
जीएसटी के स्लैब रेट में बढ़ोतरी पर बिफरे व्यापारी, कहा सरकार सुने तो सड़कों पर आएंगे

जागरण संवाददाता, रोहतक :

जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) के स्लैब रेट में बढ़ोतरी के विरोध में व्यापारी आ गए हैं। दावा किया है कि कोरोना के चलते पिछले दो साल से सब काम-काज चौपट हैं। ऐसे में सरकार को आर्थिक तौर से मदद देनी चाहिए थी। लेकिन केंद्र सरकार जनविरोधी फैसला लेते हुए जीएसटी के स्लैब रेट में बढ़ोतरी करके आमजन से लेकर व्यापारियों, उद्यमियों और कारोबारियों को पूरी तरह से बर्बाद करने पर उतारू है। सरकार ने अपना फैसला वापस नहीं लिया तो जनविरोधी फैसले के विरोध में व्यापारी सड़कों पर उतरेंगे।

रोहतक के सोनीपत रोड स्थित एक निजी होटल में रोहतक ट्रेडर्स एसोसिएशन और कई बाजारों के व्यापारियों की एसोसिएशन की संयुक्त प्रेसवार्ता हुई। प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए रोहतक ट्रेडर्स के अध्यक्ष हेमंत बख्शी ने आरोप लगाए हैं कि केंद्र और हरियाणा सरकार ने दयनीय स्थिति में चल रहे व्यापार और उद्योगों को राहत के बजाय टैक्स का बोझ डाला जा रहा है। आरोप लगाए हैं कि एक आम व्यापारी नगर निगम का प्रापर्टी टैक्स, इनकम टैक्स, बैंक लिमिट पर लगने वाली ब्याज दरों, दुकान-घरों में होने वाले विभिन्न खर्चों का बोझ झेलना पड़ता है। सर्राफ एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष राकेश वर्मा ने कहा कि आने वाली एक जनवरी से सोने के ऊपर लगने वाली जीएसटी तीन से बढ़कर पांच फीसद होने वाली है। वहीं, फर्नीचर पर जीएसटी 18 के बजाय 28 तक होने की संभावना जताई है। इस अवसर पर रोहतक ट्रेडर्स एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष तिलक राज मग्गू, सरपरस्त सुभाष परुथी, एडवाइजरी कमेटी के मुख्य सलाहकार अमर अरोड़ा, सचिव अमित गुलाटी, फर्नीचर मार्केट के अध्यक्ष पंकज कपूर, कार्यकारिणी सदस्य अनिल सहगल, विवेक गोयल, अशोक कुमार गांधी, अशोक गुप्ता, राकेश कपूर आदि मौजूद रहे। दोगुने-तीन-गुना टैक्स की आहट से घबराए व्यापारी

प्रेसवार्ता में मौजूद कपड़ा व्यापारी व संस्था के वरिष्ठ उपाध्यक्ष विट्टू सचदेवा व शौरी क्लाथ मार्केट के थोक कपड़ा व्यापारी सुरेश मित्तल ने कहा के सरकार कपड़ों पर पांच से 12 प्रतिशत जीएसटी होने वाला है। जूता व्यापारी एसोसिएशन के कार्यकारी अध्यक्ष विपिन जैन ने कहा के सरकार 1000 रुपये की कीमत से नीचे बिकने वाली कमर्शियल रेंज के जूते पर पांच के बजाय 18 प्रतिशत जीएसटी सरकार करने जा रही है। इससे व्यापार बहुत प्रभावित होगा और आम आदमी पर बढ़ती महंगाई के साथ साथ टैक्स की मार भी पड़ेगी। मोबाइल एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक कुमार ने कहा कि आने वाली एक जनवरी से सरकार मोबाइल पर 18 से टैक्स दर 28 प्रतिशत करने जा रही है। मोबाइल जैसी रोजमर्रा की वस्तु पर टैक्स की इतनी बढ़ोतरी समझ से बाहर है। सरकार को इसके लागू करने से पहले सोचना चाहिए। बख्शी ने प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए कहा के जल्द ही इस विषय को ले कर हरियाणा सरकार के वित्त मंत्री से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा जाएगा। लोकसभा व राज्य सभा सांसद को व्यापार और व्यापारियों की इस गंभीर समस्या से अवगत करवाया जाएगा ताकि वह संसद में इस विषय पर विचार विमर्श कर सकें।