Weather Update: शीतलहर से बदलेगा हरियाणा के मौसम का रुख, जल्द सर्दी ढहाएगी सितम

मौसम में तेजी से परिवर्तन होगा। जल्‍द ही सर्दी सितम ढहाएगी। उत्‍तर भारत में तापमान गिरना शुरू हो गया है। 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे तापमान आ गया है। केंद्रीय मृदा लवणता अनुसंधान संस्थान के मुताबिक नवंबर माह में 7 डिग्री से भी नीचे जा सकता है रात का तापमान।

Anurag ShuklaWed, 24 Nov 2021 11:17 AM (IST)
हरियाणा में जल्‍द मौसम में परिवर्तन होगा।

करनाल, जागरण संवाददाता। हवा की गति में परिवर्तन होने से प्रदूषण तो छंटना शुरू हुआ है, इसके साथ ही ठंड ने भी असर दिखाना शुरू कर दिया है। तापमान सिंगल डिजिट में आ पहुंचा है। मौसम विभाग का मानना है कि अब तापमान में लगातार गिरावट देखने को मिल सकती है। रात का तापमान नवंबर माह के अंत तक 7.0 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे जा सकता है। हालांकि पिछले कुछ दिनों से, देश के उत्तरी हिस्सों में न्यूनतम तापमान में वृद्धि हुई है और अधिकांश हिस्सों में यह दहाई अंक में आ रहा है। ये स्थितियां कमजोर पश्चिमी विक्षोभ और उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में चलने वाली पूर्वी दक्षिण पूर्वी हवाओं के कारण आर्द्रता में वृद्धि के कारण हैं। लेकिन अब तापमान गिरना शुरू हो चुका है।

आज पश्चिमी हिमालय पहुंचेगा पश्चिमी विक्षोभ, ज्यादा असर नहीं

वर्तमान में उत्तर भारत के आसपास के क्षेत्र में कोई मौसम प्रणाली नहीं है। इसके अलावा, एक पश्चिमी विक्षोभ होने की संभावना है जो 24 नवंबर को पश्चिमी हिमालय के पास पहुंचेगा। हालांकि, इस प्रणाली के कमजोर होने की उम्मीद है और उत्तर भारत के मैदानी इलाकों पर इसका अधिक प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसके बाद भी, ऐसी कोई प्रणाली कम से कम नवंबर के अंत तक उत्तर भारत की पहाड़ियों तक पहुंचने की उम्मीद नहीं है।

उत्तर भारत में चल रही हैं सर्द हवाएं

इसके कारण, उत्तर भारतीय क्षेत्र में सर्द हवाएं चल रही हैं। इस वजह से तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है और न्यूनतम तापमान अब सिंगल डिजिट जोन में आना शुरू हो जाएगा।

इससे पहले भी उत्तर भारत के कई हिस्सों में लगभग एक या दो सप्ताह के लिए न्यूनतम तापमान एक अंक में दर्ज किया गया था, लेकिन मौसम की स्थिति में बदलाव के कारण उन्होंने फिर से वृद्धि देखी। अब दिल्ली से लेकर पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और पश्चिम उत्तर प्रदेश तक उत्तर भारत की पहाड़ियों पर एक महत्वपूर्ण मौसम प्रणाली की अनुपस्थिति के साथ न्यूनतम तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है और यह एकल अंकों में बस जाएगा।

देशभर में यह बना हुआ है मौसमी सिस्टम

पश्चिम मध्य और उससे सटे दक्षिण-पश्चिम अरब सागर पर बना गहरा कम दबाव का क्षेत्र कमजोर होकर कम दबाव का क्षेत्र बन गया है। संबद्ध चक्रवाती परिसंचरण मध्य क्षोभमंडल स्तर तक फैल रहा है। इसका प्रभाव भारत की मुख्य भूमि पर नगण्य होगा। अरब सागर के ऊपर कम दबाव के क्षेत्र से जुड़े चक्रवाती परिसंचरण से एक ट्रफ रेखा उत्तरी महाराष्ट्र तट तक फैली हुई है। बंगाल की खाड़ी से सटे दक्षिण-पूर्वी क्षेत्र पर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र बना हुआ है। कल तक इसके प्रभाव से एक कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है और यह पश्चिम उत्तर पश्चिम में तमिलनाडु तट की ओर बढ़ जाएगा।

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.