हरियाणा से सुगम होगी उत्तर प्रदेश की राह, इस मार्ग पर शुरू हो सकती है रोडवेज सेवा

करनाल से उत्‍तर प्रदेश के लिए रोडवेज बसे शुरू कराने की मांग।

हरियाणा और उत्‍तर प्रदेश की राह को आसान करने के लिए रोडवेज बस सेवा जल्‍द ही शुरू हो सकती है। गंगोह मार्ग पर सार्वजनिक परिवहन सुविधा की मांग उठी है। जल्‍द ही इस मार्ग पर रोडवेज बस चलाए जाने के प्रयास सफल हो सकता है।

Anurag ShuklaFri, 26 Feb 2021 05:39 PM (IST)

करनाल, जेएनएन। अगर दोनों राज्यों के निवासियों के साझा प्रयास रंग लाए तो जल्द ही हरियाणा के करनाल से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले को जोड़ने वाले गंगोह मार्ग पर रोडवेज बसों का परिचालन शुरू हो सकता है। इसके लिए हरियाणा के साथ अब उत्तर प्रदेश के नागरिकों की ओर से दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र भेजे गए हैं। यदि मांग मंजूर हुई तो करनाल ही नहीं बल्कि पड़ोसी जिलों में जींद से लेकर हांसी और हिसार तक के मुसाफिरों तक को इसका लाभ होगा। वे हरिद्वार, देहरादून, चार धाम और हेमकुंड साहिब तक कम समय में सुगमता से यात्रा कर सकेंगे।

बता दें कि करनाल से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के गंगोह को जोड़ने वाले शेरगढ़ टापू स्थित पुल का निर्माण काफी पहले पूरा हो चुका है। यह मार्ग गंगोह के दौलतपुर गांव से होते हुए सहारनपुर और उसके आगे उत्तराखंड तक जाने की सुविधा मुहैया कराता है। इस पर दोनों ही राज्यों के काफी नागरिक प्रतिदिन आवागमन भी करते हैं। लेकिन समस्या यह है कि अभी तक इस मार्ग पर सार्वजनिक परिवहन का कोई साधन उपलब्ध नहीं है। सबसे ज्यादा दिक्कत उन दैनिक यात्रियों को हो रही है, जो नौकरी या कारोबार सबंधी किसी कार्य से इस मार्ग का रोजाना इस्तेमाल करते हैं। दोनों राज्यों की ओर से रोडवेज बसों की सुविधा उपलब्ध न होने के चलते उन्हें मजबूरन निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ता है। इसे देखते हुए उन्होंने अब साझा प्रयासों में तेजी लाते हुए दोनों राज्यों के मुख्यमंत्रियों तक अपनी आवाज पहुंचाने की कवायद शुरू की है। इसके तहत अलग अलग जनप्रतिनिधियों को भी पत्र दिए जा रहे हैं।

सीएम को दे चुके ज्ञापन

हरियाणा व उत्तर प्रदेश के बीच बेहद अहम साबित होने वाले इस मार्ग पर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मुहैया कराने और चौड़ीकरण की मांग उठाते हुए हाल में विभिन्न संस्थाओं की ओर से हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल को ज्ञापन भी दिया गया था। मांग करने वालों में सिटीजन ग्रीवेंसेंज कमेटी करनाल के अध्यक्ष एसएम कुमार, संदीप लाठर, रजनीश चोपड़ा, कर्ण योग एसोसिएशन के सचिव विनय कोहली, भारत विकास परिषद सचिव महेश शर्मा, उर्वशी ललित कला अकेडमी के निदेशक डॉ. कृष्ण अरोड़ा, निफा के चेयरमैन प्रितपाल सिंह पन्नू, भारत विकास परिषद के जिला संयोजक श्याम बत्रा, एडवोकेट राजेश शर्मा, सार्थक कला मंच के संजीव लखनपाल आदि प्रमुख हैं।

रेल सुविधा की भी मांग

इसी सिलसिले के तहत स्वामी विवेकानंद मंच के सचिव मेघराज लूथरा, सावन ज्योत के अध्यक्ष कैलाश सचदेवा, यंग इण्डिया लीडरशिप के मनोज गौतम आदि ने भी जींद, कैथल, करनाल, यमुनानगर के रास्ते धर्म नगरी ऋषिकेश को रेल के माध्यम से जोड़े जाने की मांग की है। हालांकि, इस दिशा में करनाल से यमुनानगर तक के रेलवे ट्रैक की परियोजना पर फैसला लिया जा चुका है। इससे उम्मीद बंधी है कि प्रोजेक्ट पूरा होने पर हरियाणा से यूपी के साथ उत्तराखंड की राह भी और सुगम हो जाएगी।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.