Paddy: हरियाणा में धान खरीद पर असमंजस, बारिश ने भी बढ़ाया संकट, आढ़ती और किसान परेशान

हरियाणा में धान खरीद को लेकर अभी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। 25 सितंंबर से खरीद शुरू होनी थी। अभी तक न अधिकारी कुछ बता पा रहे और न सरकार से कोई गाइडलाइन आई है। यमुनानगर में इन आठ मंडियो और पांच खरीद केंद्रों में खरीद होनी है।

Anurag ShuklaFri, 24 Sep 2021 10:55 AM (IST)
बाबैन अनाज मंडी में बारिश के बाद जीरी को सुखाते हुए।

यमुनानगर, जागरण संवाददाता। धान की खरीद पर असमंजस बरकरार है। हालांकि 25 सितंबर से खरीद की बात की जा रही थी, लेकिन फिलहाल अधिकारी स्पष्ट नहीं कर रहे हैं। क्योंकि खरीद को लेकर अभी तक सरकार की ओर से गाइडलाइन नहीं आई है। प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक हो सकता है कि 25 सितंबर से खरीद हो, लेकिन यदि न हुई तो संभवत एक अक्टूबर से शुरू हो सकती है। उधर, किसान व आढ़ती परेशान हैं। खेतों में फसल पककर तैयार खड़ी है। आठ मंडियों और पांच खरीद केंद्रों सहित कुल 13 स्थानों पर धान खरीदी जाएगी ।

किसानों को हो रहा नुकसान

धान की अगेती किस्म अनाज मंडियों में पहुंचनी शुरू हो गई है। रादौर व जगाधरी अनाज मंडी में करीब एक सप्ताह से आवक जारी है। लेकिन खरीद नहीं हो पा रही है। लगातार हो रही बारिश के कारण यह धान भीग रहा है। किसानों का कहना है कि यदि खरीद शुरू हो जाती तो उनको यह नुकसान न झेलना पड़ता। आढ़ती भी काफी परेशान हैं। क्योंकि लगभग सभी ने लेबर मंगवा ली है। खरीद शुरू न होने के कारण अब लेबर के पास भी काम नहीं है।

गेहूं के लगे स्टाक, सड़कें भी बदहाल

जगाधरी अनाज मंडी की बात की जाए तो अभी भी गेहूं के स्टाक लगे हुए हैं। सड़के बदहाल हैं। यहां तक कि सीवरेज की सफाई भी नहीं की गई है। गंदा पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों पर बह रहा है। जबकि आढ़तियों का आरोप है कि इस बाबत कई बार मार्केट कमेटी को शिकायत दी जा चुकी है। अभी तक किसी ने संज्ञान नहीं लिया। गत दिनों हुई बैठक में डीसी पार्थ गुप्ता भी आदेश दे चुके हैं कि जिन मंडियों में अभी भी इस वर्ष खरीदी गई गेहूं के स्टाक पड़े हैं उन्हें वहां से तुंरत उठवाया जाए ताकि मंडियों में धान की खरीद सुचारु रुप से हो सके। किसानों को धान उतारने में कोई दिक्कत न आए।

जल्द खरीद शुरू करे सरकार

अनाज मंडी आढ़ती एसोसिएशन के जिला प्रधान शिव कुमार संधाला का कहना है कि धान की सरकारी खरीद 20 सितंबर से हो जानी चाहिए थी। लेकिन न होने से किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ रहा है। 25 सितंबर से खरीद शुरू हो जानी चाहिए ताकि किसान समय पर अपनी फसल बेच सकें। बारिश के कारण पहले ही किसानों को भारी नुकसान हो चुका है।

अभी स्थिति स्पष्ट नहीं

डीएफएससी कुशल बूरा का कहना है कि खरीद को लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। खरीद 25 सितंबर को शुरू होगी या एक अक्टूबर को, इस बारे फिलहाल कुछ भी नहीं कहा जा सकता। लेकिन खरीद के लिए मंडियां पूरी तरह तैयार हैं।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.