गांव गौधोली के तालाब में मिलीं मृत मछलियां

गांव गौधोली में पंचायत के तालाब में किसी व्यक्ति ने जहरीला पदार्थ डाल दिया जिससे हजारों की संख्या में मछलियां तथा अन्य जल जीव की मृत्यु हो गई। पंचायत से पट्टे पर लेकर मछली पालन करने वाले किसान ने मृत मछली देखी तो मछली पालन विभाग और स्थानीय थाने को सूचना दी।

JagranTue, 07 Dec 2021 06:00 PM (IST)
गांव गौधोली के तालाब में मिलीं मृत मछलियां

संवाद सहयोगी, पिनगवां: गांव गौधोली में पंचायत के तालाब में किसी व्यक्ति ने जहरीला पदार्थ डाल दिया, जिससे हजारों की संख्या में मछलियां तथा अन्य जल जीव की मृत्यु हो गई। पंचायत से पट्टे पर लेकर मछली पालन करने वाले किसान ने मृत मछली देखी तो मछली पालन विभाग और स्थानीय थाने को सूचना दी। विभागीय टीम मौके पर पहुंची और मृत मछलियों को लेकर जांच के लिए लैब भेज दिया। पानी का भी सैंपल लिया गया है। ताकि मौत की वजह स्पष्ट हो सके। हालांकि, पुलिस को अभी लिखित शिकायत नहीं दी गई है।

गांव के रहने वाले हारुन ने मछली पालन के लिए ग्राम पंचायत से तालाब को दो साल के लिए पट्टे पर ले रखा है। हारुन ने करीब दो लाख रुपये लगाकर तालाब में मछली के सीड डाले थे। समय-समय पर वह मछलियों के लिए दाने भी डालते रहे हैं। इस समय मछलियां आधा से दो किलो तक की हो गई थीं। रविवार शाम को वह तालाब पर पहुंचे तो काफी संख्या में मृत मछलियां देखीं। पहले उन्हें लगा कि कुछ मछलियां बीमारी के चलते मर गई होंगी। सोमवार को जब काफी संख्या में मछलियां मृत मिलीं तो उन्होंने मछली पालन विभाग के अधिकारियों को सूचना दी। उन्होंने बताया कि कम से कम उन्हें आठ से दस लाख का नुकसान हुआ है। किसी ने शरारत की है। मछली पकड़ने पर उन्होंने रोक लगा रखी थी।

उन्होंने 112 नंबर पर डायल कर पुलिस को मृत मछलियों के बारे में सूचना दी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल शुरू कर दी। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने पानी में जहरीला पदार्थ डालकर मछलियों को मारा है। मछली पालन विभाग अधिकारी दीपक रावत ने बताया कि कई बार अधिक दिनों तक बादल रहने से पानी में आक्सीजन की कमी होती है इससे भी मछली तथा जल जीव मर जाते हैं पर यह मामला दूसरा है। जांच चल रही है लैब से रिपोर्ट आने के बाद सब स्पष्ट हो जाएगा।

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