मोहड़ा का ट्रिपल लेयर का पुलिस नाका तोड़ दिल्ली की तरफ रवाना हुए किसान

मोहड़ा का ट्रिपल लेयर का पुलिस नाका तोड़ दिल्ली की तरफ रवाना हुए किसान

किसानों के दिल्ली कूच को लेकर किसान और पुलिस दिनभर आमने-सामने रही।

Publish Date:Thu, 26 Nov 2020 09:27 PM (IST) Author: Jagran

जागरण टीम, कुरुक्षेत्र : किसानों के दिल्ली कूच को लेकर किसान और पुलिस दिनभर आमने-सामने रही। अंबाला के मोहड़ा का ट्रिपल पुलिस नाका तोड़ने के बाद किसान दोपहर बाद शाहाबाद-कुरुक्षेत्र के बीच त्योड़ा पहुंच गए। यहां प्रशासन और पुलिस ने मजबूत नाका लगाकर किसानों को रोकना चाहा। करीब दो घंटे तक किसानों को रोकने का भी प्रयास किया, लेकिन किसान पानी की बौछारों से निकलते हुए आगे बढ़ गए। किसान शाम के समय पिपली चौक पर कुछ देर रुकने के बाद फिर से दिल्ली की तरफ रवाना हो गए। इस दौरान जीटी रोड के ट्रैफिक को डायवर्ट किया गया। लाडवा सहित कई कस्बों में जाम की स्थिति रही। जीटी रोड पर भी 15-20 किलोमीटर लंबा जाम लगा रहा। यह कृषि कानूनों को लेकर अब तक सबसे लंबा विरोध व मार्च है।

अधिकारी मांगते रहे समय

जितेंद्र चुघ, शाहाबाद : मोहड़ा मंडी व मोहड़ी के पुलिस नाकों को तोड़ते हुए बड़ी संख्या में किसान गुरनाम सिंह चढूनी व राकेश बैंस की अगुवाई में बुधवार दोपहर बाद करीब 3:30 बजे जीटी रोड के त्योड़ा पर पहुंचे थे। जहां डीएसपी गुरमेल सिंह, एसडीएम डा. किरण सिंह व डयूटी मजिस्ट्रेट तहसीलदार के नेतृत्व में लोहे के बड़े बेरिकेट लगाकर आगे सीमेंट के भारी-भारीकम पत्थरों को रखा गया था। किसान नाके की ओर बढ़ने लगे तो डीएसपी गुरमेल सिंह ने प्रधान गुरनाम सिंह से 10 मिनट का समय मांगा, लेकिन एक घंटे के बाद 4:30 बजे तक पुलिस बातचीत करने के सिवाय कोई रास्ता नहीं दे सकी। किसानों ने नाके तो तोड़ने लगे तो पुलिस ने 20 मिनट का फिर समय मांगा। इसके बाद 5:30 बजे तक पुलिस व प्रशासन किसानों को समझाने में लगे रहे। किसानों के सब्र का बांध टूट गया और उन्होंने ट्रैक्टर पर कूंडी डालकर सीमेंट के बेरिकेट को हटा दिया और हजारों किसानों ने लोहे के नाकों को तोड़कर पुलिस के चक्रव्यूह को ध्वस्त कर दिया।

वाटर केनल भी नहीं रोक पाई

पुलिस किसानों को दिल्ली कूच से रोकने के लिए वाटर केनल से पानी की बौछारें की, लेकिन किसान नहीं माने। वे दिल्ली की तरफ चल पड़े। भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिंह चढूनी ने कहा कि कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली में पहुंचकर केंद्र सरकार तक किसानों की आवाज पहुंचाएंगे।

पिपली कुछ देर रुकने के बाद चले

किसानों ने शाम के वक्त पिपली में ठहरने का फैसला लिया। कुछ किसानों ने रात को यहीं रुकने का फैसला लिया। इसके बाद प्रशासन व पुलिस ने राहत की कुछ सांस ली। किसान नेताओं ने इसके कुछ देर बाद ही दिल्ली कूच चलने की कही। वे इसके बाद फिर से जीटी रोड पर चढ़ गए। किसान नेताओं ने साफ किया कि उनका दिल्ली कूच का फैसला है। वे जीटी रोड पर किसी वाहन को नहीं रोक रहे।

पुलिस ने 20 नाके लगाए

पुलिस ने पंजाब बॉर्डर को सील करने के साथ अलग-अलग जगहों पर 20 नाके लगाए गए थे। यहां नौ डीएसपी, 13 इंस्पेक्टर व 31 सब इंस्पेक्टर सहित 950 पुलिसकर्मी नाकों पर डटे रहे। पुलिस ने जीटी रोड जाम होने पर लॉकल रूटों से ट्रैफिक को डायवर्ट किया।

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